ब्रिटेन की दूरसंचार कंपनी वोडाफोन और इसकी भारतीय साझेदार एस्सार गु्रप के बीच बीपीएल मोबाइल के स्वामित्व को लेकर विवाद और गहरा गया है।
ब्रिटिश कंपनी ने आरोप लगाया है कि एस्सार और उसकी सहयोगी कंपनियों ने बीपीएल मोबाइल के शेयर ढांचे में कई बार बदलाव किए जो 2006 में हुए समझौते का उल्लंघन है। फरवरी, 2007 में हचिंसन-एस्सार में 67 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने वाली वोडाफोन का आरोप है कि एस्सार ने मॉरीशस की जिप्सी रोवर को कंपनी में तकरीबन 600 करोड़ रुपये का निवेश करने की अनुमति दी।
हालांकि इस निवेश की तारीख का खुलासा नहीं किया जा सका है। कंपनी का आरोप है कि एस्सार ने जिप्सी रोवर को तकरीबन 95 करोड़ रुपये के अनिवार्य परिवर्तनीय तरजीही शेयर आवंटित किए थे। वोडाफोन के गवाहों के मुताबिक यह आवंटन 145 रुपये प्रति शेयर के हिसाब से अक्टूबर 2007 में किया गया था।
जब इस बारे में एस्सार के प्रवक्ता से संपर्क किया गया तो उन्होंने कहा, ‘ बीपीएल और वोडाफोन एस्सार के बीच मध्यस्थता का मामला काफी पुराना मुद्दा रहा है। इसे हचिंसन के साथ वोडाफोन के लेनदेन के वक्त भी नहीं सुलझाया गया था। यह मामला विरासत में मिला हुआ है और इससे वोडाफोन-एस्सार के कारोबार पर असर नहीं पड़ेगा।