देश के दो सबसे बड़े बिजनेस ग्रुप रिलायंस और अदाणी ने ‘नो-पोचिंग एग्रीमेंट’ किया है। इसके तहत इन दोनों समूह में काम कर रहे कर्मचारियों को एक-दूसरे की कंपनी में नौकरी नहीं मिलेगी।
खबरों के मुताबिक, यह समझौता इस साल मई में लाया गया था। बता दें कि यह समझौता इन दोनों ग्रुप के सभी बिजनेस के लिए है। ऐसा माना जा रहा है कि यह फैसला दोनों कंपनियों के बीच बढ़ते कंपीटिशन के चलते लिया गया है।
बता दें कि ‘नो-पोचिंग एग्रीमेंट’ होने से अब मुकेश अंबानी की कंपनियों में काम करने रहे 3.80 लाख से ज्यादा कर्मचारी अब अदाणी की कंपनी में काम नहीं कर पाएंगे। वहीं, अदाणी की कंपनी में काम करने वाले 23 हजार से ज्यादा कर्मचारी अंबानी की किसी कंपनी में नौकरी नहीं पा सकेंगे।
इस एग्रीमेंट की खबर ऐसे समय पर आई जब पिछले साल अदाणी समूह ने पेट्रोकेमिकल्स के क्षेत्र में भी कदम रखा था। इस सेक्टर में अंबानी पहले से बिजनेस कर रहे हैं।
इसके अलावा भी दोनों अरबपतियों की कंपनियों के बीच 5जी स्पेक्ट्रम को लेकर कंपीटिशन है।