नवीकरणीय ऊर्जा कंपनी सेम्बकॉर्प इंडस्ट्रीज (SembCorp Industries) ने 20 करोड़ सिंगापुरी डॉलर (करीब 1,247 करोड़ रुपये) में चीन और भारत में 428 मेगावाट क्षमता की पवन ऊर्जा परियोजनाओं के अधिग्रहण के लिए दो अलग-अलग समझौतों पर हस्ताक्षर किए हैं।
कंपनी ने सोमवार को एक बयान में कहा कि सार्वजनिक क्षेत्र की निवेशक टेमासेक होल्डिंग्स पीटीई द्वारा समर्थित सिंगापुर की ऊर्जा कंपनी लीप ग्रीन एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड की 228 मेगावाट की परिचालन पवन ऊर्जा परियोजनाओं का सात करोड़ सिंगापुरी डॉलर और किनझोउ युआननेंग की 200 मेगावाट की परियोजनाओं का 13 करोड़ सिंगापुरी डॉलर में अधिग्रहण किया जाएगा।
सेम्बकॉर्प 12 वर्षों से अधिक समय से भारत में 18 राज्यों में काम कर रही है। इस अधिग्रहण के साथ कंपनी की कुल स्थापित क्षमता 3,700 मेगावाट हो जाएगी। इसमें 2,250 मेगावाट पवन ऊर्जा और 1,450 मेगावाट सौर ऊर्जा परियोजनाएं हैं।
कंपनी के अनुसार, ‘‘सेम्बकॉर्प की पूर्ण स्वामित्व वाली अनुषंगी कंपनी सेम्बकॉर्प एनर्जी (शंघाई) होल्डिंग कंपनी लिमिटेड ने करीब 13 करोड़ सिंगापुरी डॉलर में किनझोउ युआननेंग विंड पावर कंपनी लिमिटेड (क्विनझोउ युआननेंग) में 100 प्रतिशत शेयर पूंजी हासिल करने के लिए एनविजन एनर्जी कंपनी लिमिटेड के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। किनझोउ युआननेंग के पास चीन के गुआंग्शी में 200 मेगावाट की पवन परिचालन योजनाएं हैं। ’’
बयान में कहा गया, ‘‘अलग से इसकी पूर्ण स्वामित्व वाली अनुषंगी कंपनी ग्रीन इंफ्रा विंड एनर्जी लिमिटेड (जीआईडब्ल्यूईएल) ने भारत के तमिलनाडु में एक स्वतंत्र बिजली उत्पादक लीप ग्रीन एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड (लीप ग्रीन एनर्जी) के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं।
समझौते के तहत जीआईडब्ल्यूईएल, लीप ग्रीन एनर्जी से करीब सात करोड़ सिंगापुरी डॉलर में दो विशेष इकाइयों (एसपीवी) में 100 प्रतिशत शेयर पूंजी का अधिग्रहण करेगी। एसपीवी के पास भारत के मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र और राजस्थान में 228 मेगावाट की पवन परिचालन योजनाएं हैं। ’’ सेम्बकॉर्प सिंगापुर एक्सचेंज शेयर बाजार में सूचीबद्ध है।