प्रत्यक्ष कर संग्रह में 35 प्रतिशत की बढ़ोतरी

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बीएस संवाददाता
Last Updated- December 11, 2022 | 3:46 PM IST

व्यक्तिगत आयकर सहित प्रत्यक्ष कर संग्रह चालू वित्त वर्ष में आठ सितंबर तक 35.46 प्रतिशत बढ़कर 6.48 लाख करोड़ रुपये पहुंच गया। कर संग्रह में जोरदार बढ़ोतरी से पता चलता है कि अर्थव्यवस्था में तेजी है। चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में देश की जीडीपी (सकल घरेलू उत्पाद) वृद्धि दर 13.5 प्रतिशत रही। आयकर विभाग के आंकड़ों के अनुसार रिफंड घटाकर प्रत्यक्ष कर संग्रह 5.29 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले साल इसी अवधि के शुद्ध संग्रह से 30.17 प्रतिशत अधिक है। 

यह संग्रह, वित्त वर्ष 2022-23 के लिए प्रत्यक्ष करों के कुल बजट अनुमान का 37.24 प्रतिशत है। बयान में कहा गया कि एक अप्रैल से आठ सितंबर, 2022 तक 1.19 लाख करोड़ रुपये की राशि बतौर रिफंड जारी की गई। यह आंकड़ा पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 65.29 प्रतिशत अधिक है।
प्रत्यक्ष कर संग्रह के आठ सितंबर 2022 तक के आंकड़े बताते हैं कि कुल संग्रह 6.48 लाख करोड़ रुपये है, जो पिछले साल की इसी अवधि के कुल संग्रह की तुलना में 35.46 प्रतिशत अधिक है। इसी अवधि में कंपनी आयकर (सीआईटी) और व्यक्तिगत आयकर (पीआईटी) में क्रमश: 25.95 प्रतिशत और 44.37 प्रतिशत की वृद्धि हुई। 

सरकार ने चालू वित्त वर्ष में प्रत्यक्ष कर मद में 14.20 लाख करोड़ रुपये एकत्र करने का अनुमान लगाया है। इसमें कॉरपोरेट कर से 7.20 लाख करोड़ रुपये और व्यक्तिगत करदाताओं से 7.0 लाख करोड़ रुपये जुटाने का लक्ष्य है। 

First Published : September 9, 2022 | 9:27 PM IST