भारत

Amarnath Yatra 2023: खराब मौसम के कारण रोकी गई अमरनाथ यात्रा

बालटाल और पहलगाम, दोनों ही मार्गों पर खराब मौसम को देखते हुए Amarnath Yatra स्थगित कर दी गई है।

Published by
भाषा   
Last Updated- July 07, 2023 | 11:48 AM IST

Amarnath Yatra 2023: कश्मीर के कई हिस्सों में बारिश के कारण शुक्रवार को अमरनाथ यात्रा (Amarnath Yatra) स्थगित कर दी गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बालटाल और पहलगाम, दोनों ही मार्गों पर खराब मौसम को देखते हुए यात्रा स्थगित कर दी गई है।

अधिकारियों ने कहा, ‘‘यात्रा स्थगित कर दी गई है और किसी श्रद्धालु को आज सुबह गुफा की ओर जाने की अनुमति नहीं है।’’ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (रामबन) मोहिता शर्मा के अनुसार, जिले के चंदेरकोट इलाके में यात्रा स्थगित कर दी गई है। शर्मा ने पीटीआई-भाषा को बताया, ‘‘पहलगाम क्षेत्र में खराब मौसम के कारण यात्रा स्थगित कर दी गई है।’’

उन्होंने बताया कि शुक्रवार को सुबह भारी बारिश शुरू हो गई, जिसके कारण श्रद्धालुओं की यात्रा अस्थायी रूप से रोक दी गई। अधिकारियों के मुताबिक, श्रद्धालुओं को बालटाल और नूनवान आधार शिविरों में रोक दिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि इससे पहले तड़के करीब पौने चार बजे 7,000 से अधिक श्रद्धालुओं का नया जत्था जम्मू स्थित आधार शिविर से अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना हुआ था। श्रद्धालु यहां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच 247 वाहनों में भगवती नगर आधार शिविर से घाटी की तरफ बढ़े थे।

अधिकारियों के अनुसार, 153 वाहनों के काफिले में पहलगाम जा रहे 4,600 तीर्थयात्रियों को चंदेरकोट में रोक दिया गया, जबकि 2,410 तीर्थयात्रियों को लेकर 94 वाहनों में बालटाल आधार शिविर के लिए रवाना हुए एक और काफिले को आगे जाने की इजाजत दे दी गई। उन्होंने कहा कि मौसम ठीक होते ही यात्रा फिर से शुरू कर दी जाएगी।

कब शुरू हुई थी यात्रा?

इस साल 30 जून को अमरनाथ यात्रा शुरू से लेकर अब तक कुल 43,833 तीर्थयात्री जम्मू आधार शिविर से घाटी के लिए रवाना हो चुके हैं। अधिकारियों के मुताबिक, हिमलिंगम के दर्शन कर चुके तीर्थयात्रियों की संख्या 84,000 से अधिक हो गई है। दक्षिण कश्मीर हिमालय में 3,888 मीटर की ऊंचाई पर स्थित गुफा मंदिर की 62 दिवसीय वार्षिक तीर्थयात्रा अनंतनाग जिले के पहलगाम और गंदेरबल जिले के बालटाल स्थित दोनों मार्गों से शुरू हुई। यह यात्रा 31 अगस्त को समाप्त होने वाली है।

पूरी यात्रा की निगरानी इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी) से की जा रही है। तीर्थयात्रियों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए सभी विभाग आईसीसीसी से निगरानी करते हैं और अपने कर्मचारियों को सूचना भेजते हैं।

ये भी पढ़ें: बेमौसम बारिश ने बिगाड़ा AC, ​​फ्रिज, शीतल पेय की बिक्री का मौसम

First Published : July 7, 2023 | 11:48 AM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)