भारत

Housing Prices: घर खरीदारों के लिए खुशखबरी! इस साल कीमतों में आ सकती है नरमी

Housing Prices: रेटिंग एजेंसी ने कहा कि बीते वित्त वर्ष 2023-24 के अंत में कीमतें सालाना आधार पर 22 प्रतिशत बढ़ी हैं।

Published by
भाषा   
Last Updated- April 23, 2024 | 4:33 PM IST

Housing Prices: उच्च तुलनात्मक आधार के कारण आवास की मांग और कीमत में चालू वित्त वर्ष में नरमी की संभावना है। इस दौरान बिक्री में आठ से 10 प्रतिशत और कीमत में लगभग पांच प्रतिशत की सालाना वृद्धि होने का अनुमान है। एक रिपोर्ट में यह कहा गया है।

रेटिंग एजेंसी इंडिया रेटिंग्स एंड रिसर्च ने मंगलवार को जारी अपनी रिपोर्ट में चालू वित्त वर्ष (2024-25) के लिए आवासीय रियल एस्टेट क्षेत्र के लिए तटस्थ दृष्टिकोण बनाए रखा है। एजेंसी ने बयान में कहा, “ब्याज दर में कमी और स्थिरता से खरीद और कीमतों को समर्थन मिल सकता है। हालांकि, बीते वित्त वर्ष के उच्च तुलनात्मक आधार को देखते हुए वृद्धि दर कम होने की संभावना है।”

आवासीय रियल एस्टेट बाजार ने बीते वित्त वर्ष के पहले नौ महीनों (अप्रैल-दिसंबर) के दौरान एक मजबूत प्रदर्शन दर्ज किया। इस दौरान मूल्य वृद्धि और स्थिर ब्याज दरों के बावजूद शीर्ष आठ रियल एस्टेट संकुलों के लिए बिक्री में सालाना आधार पर 25 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई।

Also read: भारत में बढ़ी ऑफिस स्पेस की डिमांड: किराया 20% बढ़ा, बेंगलुरु और हैदराबाद में बदला ट्रेंड

इंडिया रेटिंग्स में कॉरपोरेट रेटिंग्स के निदेशक महावीर शंकरलाल जैन ने कहा, “अधिकांश क्षेत्रों में कीमतों में वृद्धि देखी जा रही है। हमारा अनुमान है कि चालू वित्त वर्ष में पूर्व-बिक्री वृद्धि सालाना आधार पर आठ से 10 प्रतिशत तक रहेगी। वित्त वर्ष 2023-24 में प्रीमियम और लक्जरी खंड में बनकर तैयार मकानों की संख्या बढ़ गयी है। इसका कारण बिक्री और प्राप्तियों में तेज वृद्धि के साथ नई परियोजनाओं का बढ़ना है।’’

रेटिंग एजेंसी ने कहा कि बीते वित्त वर्ष 2023-24 के अंत में कीमतें सालाना आधार पर 22 प्रतिशत बढ़ी हैं। तुलनात्मक आधार प्रभाव और बड़ी मात्रा में नई परियोजनाएं शुरू करने की योजना के कारण चालू वित्त वर्ष के लिए यह लगभग पांच प्रतिशत रहने का अनुमान है। इंडिया रेटिंग्स के अनुसार मझोले और छोटे शहरों (टिअर दो और टिअर तीन) में उल्लेखनीय वृद्धि का अनुमान है।

First Published : April 23, 2024 | 4:33 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)