Pre-placement ऑफर में डबल डिजिट ग्रोथ और छोटे और मध्यम स्तर के Non-IIT इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट कॉलेजों के लिए बेहतर औसत वेतन पैकेज ने इस साल बंपर हाइरिंग की उम्मीद जगाई है।
इन्फोर्मेशन टेक्नोलॉजी, उत्पाद, इंजीनियरिंग और कंसल्टिंग कंपनियों के नेतृत्व में नागपुर स्थित विश्वेश्वरैया नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (VNIT), PSG कॉलेज ऑफ टेक्नोलॉजी कोयंबटूर, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग (NITIE) जैसे परिसरों के लिए PPOs (Pre Placement Offer) में इस साल अब तक 50 से 60 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी देखी गई है। ऐसा कॉलेज प्रशासन का दावा है।
इन कॉलेजों में फाइनल प्लेसमेंट शुरू हो चुका है और PPOs के ट्रेंड को देखते हुए संस्थान को अच्छी हायरिंग की उम्मीद है।
उदाहरण के लिए कोयंबटूर स्थित PSG कॉलेज ऑफ टेक्नोलॉजी में 2022-23 में पिछले साल के मुकाबले 60 प्रतिशत अधिक PPOs मिले हैं। इस साल कुल 129 छात्र-छात्राओं को PPOs मिले हैं जो पिछले साल 78 था।
नागपुर स्थित VNIT में कैंपस को एक साल पहले ही PPOs मिल जाता है। इसलिए VNIT के 2022-23 बैच को पिछले साल ही 170 PPOs मिल थे। 2023-24 बैच को अभी तक 120 PPOs मिल चुके हैं और दिसंबर तक ऑफर मिलने की संभावना है।
VNIT के ट्रेनिंग और प्लेसमेंट के डीन किशोर भुरचंडी ने कहा कि अगले बैच के लिए अब तक कुल 120 PPOs आ चुके हैं। टेक्नोलॉजी और फाइनेंस कंपनियों के उत्साह को देखते हुए हमें उम्मीद है कि इस साल लगभग 170 PPOs तक प्राप्त होंगे। वेतन का पैकेज भी अच्छा रहा है। रिक्रूटर्स का कहना है कि यह भारतीय अर्थव्यवस्था के खुलने के कारण हुआ है।
मुंबई स्थित NITIE में भी पिछले बैच के मुकाबले PPOs में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है और इस साल और भी वृद्धि की उम्मीद है।
NITIE के एसोसिएट डीन ऑफ प्लेसमेंट और ब्रांडिंग नीरज पांडे ने बिजनेस स्टैंडर्ड को बताया कि PPOs आखिरी प्लेसमेंट का शुरुआती रूप है। हम सभी क्षेत्रों के लिए अधिक CTC के साथ पिछले साल की तुलना में अधिक PPOs की उम्मीद करते हैं। इसके लिए हमने नई शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप अपने पाठ्यक्रम को नया रूप दिया है ताकि उद्योग को उसकी आवश्यकता के अनुसार लोग मिल सकें।
रिक्वायरमेंट और स्टाफिंग एक्सपर्ट के मुताबिक महामारी से कुछ वर्ष पहले के विपरीत, खासकर टेक्नोलॉजी और फाइनेंस के क्षेत्र में अब बहुत सारे रिक्रूटर्स फ्रेशर्स को नियुक्त करना चाह रहे हैं।
TeamLease सर्विस लिमिटेड की सीनियर वाइस प्रेसिडेंट और TeamLease एडटेक लिमिटेड की को- फाउंडर और अध्यक्ष नीति शर्मा का कहना है कि लागत अनुकूल के कारण बहुत सारी कंपनियां लेटरल के बजाय फ्रेशर को हायर कर रही है। फ्रेशर को हायर करना और स्किल करना लेटरल के तुलना में काफी सस्ता है। भारतीय टेक और फाइनेंस कंपनियों में कर्मचारियों के इस्तीफे और अर्थव्यवस्था के दोबारा खुलने के कारण ऐसा हो रहा है।
कई मैनेजमेंट कॉलेज में यह भी देखा गया है कि कंपनियां पिछले साल के तुलना में अधिक पैकेज ऑफर कर रही है। पहले विभिन्न क्षेत्रों में कंपनियों द्वारा ऑफर की संख्या पांच से 10 तक होती है।
PPOs में अच्छी वृद्धि के कारण कैंपस अब अंतिम प्लेसमेंट प्रक्रिया को बढ़ने की उम्मीद कर रहे हैं।
नीरज पांडे कहते हैं कि वर्ष 2020-21 में कोविड -19 के बीच सभी क्षेत्रों में काम पर रखने और नौकरी में कटौती देखी गई। हालांकि अर्थव्यवस्था में अब तेजी देखी जा रही है और सभीव्यवसायों को AI, ML और ESG मापदंडों को अपनाने के लिए लोगों की आवश्यकता और अत्याधुनिक प्रौद्योगिकियों को शामिल करने के मामले में अपने बैकलॉग को भरने की जरूरत है। इसलिए कंसल्टिंग, FMCG, e-commerce, BFSI आदि सेक्टर अपने फलते-फूलते व्यापार को बढ़ा सकते हैं।
PPOs के लिए अंतिम प्लेसमेंट प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है। औसत वेतन पैकेज में अब तक उल्लेखनीय वृद्धि नहीं हुई है। उदाहरण के लिए जबकि इस साल VNIT में अब तक का उच्चतम पैकेज 64.66 लाख रुपये प्रति वर्ष रहा है, जो कि पिछले साल 64.1 लाख रुपये प्रति वर्ष था। औसत पैकेज पहले से ही पिछले साल के 9.8 के मुकाबले अब तक 14.8 लाख रुपये है जो 50 प्रतिशत अधिक है।
NITIE का अब तक का सबसे बड़ा पैकेज 49 lpa पिछले साल के बराबर है। हालांकि औसत वेतन पिछले साल के 25.41 lpa के मुकाबले 11 प्रतिशत बढ़कर 28.38 lpa हो गया है।
PSG कॉलेज ऑफ टेक्नोलॉजी के PPOs के हिस्से के रूप में पेश किए जाने वाले औसत पैकेज में पहले ही 8 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जबकि अभी चल रही अंतिम प्लेसमेंट प्रक्रिया के लिए 2021 के 8.2 lpa के मुकाबले 2022 में 70 प्रतिशत बढ़कर 14 lpa हो गया है।
इस बीच, Amazon, Flipkart, Accenture S & C, HUL, P&G, Mondelez, ITC, IDFC, ICICI, Axis Bank, PayTm, Mckinsey & Co, Deloitte, PwC, KPMG, और Coca-Cola जैसी कंपनियां ऑफर दे रही हैं। पिछले साल, NITIE को उम्मीद है कि मार्की रिक्रूटर्स इस साल प्लेसमेंट का नेतृत्व करना जारी रखेंगे।