सोनीपत और पलवल को जोड़ने वाले कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेस-वे के साथ हरियाणा सरकार एक एजुकेशन सिटी बनाने की तैयारी में है।
राज्य सरकार जल्द ही इसके लिए निविदाएं आमंत्रित करेगी। हरियाणा सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि एजुकेशन सिटी के लिए 2,000 एकड़ जमीन खरीदी जा चुकी है और परियोजना के लिए जल्द ही निविदाएं आमंत्रित की जाएंगी।
एजुकेशन सिटी में सूचना-तकनीक, जैव प्रौद्योगिकी और नैनो टेक्नोलॉजी पर जोर दिया जाएगा। आईटी, आईटीएस और शिक्षा क्षेत्र से जुड़ी कई बहुराष्ट्रीय कंपनियों ने परियोजना में रुचि दिखाई है। वर्ष 2005 में जब से इस एक्सप्रेस-वे के विकास की घोषणा की गई थी, तब से इस क्षेत्र में जमीन की कीमतों में खासी बढ़ी है।
रियल एस्टेट डेवलपर्स अंसल एपीआई, टीडीआई, पार्श्वनाथ और ओमैक्स इन इलाकों में परियोजनाएं शुरू करने की घोषणाएं कर चुकी हैं। टीडीआई टाउनशिप की घोषणा से पहले जहां इन इलाकों में जमीन की कीमतें 4,750 रुपये प्रति वर्ग गज थीं, वहीं टाउनशिप की घोषणा के बाद जमीन की कीमतें 27,000 रुपये प्रति वर्ग गज हो गईं।
टीडीआई के प्रबंध निदेशक कमल तनेजा कहते हैं, ‘जब इस परियोजना की घोषणा की गई थी, उसी समय डेवलपर्स के साथ कीमतों में इस बढ़ोतरी का आकलन कर लिया था।’ लगभग 250 एकड़ में फैले अंसल एपीआई सुशांत सिटी में सारी जमीनें पहले ही बिक चुकी हैं और कंपनी इस टाउनशिप के विस्तार के लिए सरकार से अनुमति मांग रही है।
अंसल एपीआई के मार्केटिंग के अध्यक्ष कुणाल बनर्जी कहते हैं, ‘इन परियोजनाओं को उम्मीद से बेहतर रिस्पांस मिला है। संभावना है कि आने वाले कुछ समय में जमीन की कीमतें 15 से 20 फीसदी और बढ़ेंगी।’ सरकार ने मानेसर में एक इंजीनियरिंग सेज, आईटी और बॉयोटेक के लिए टेक्नोलोजी पार्क और एक शोध एवं विकास हब बनाने की मंजूरी दी है। साथ ही एक्सप्रेस-वे के किनारे पलवल में 500 एकड़ जमीन पर फैले एक यूरोपीय टेक्नोलॉजी पार्क बनाने की भी योजना है।