हिंदी जनमानस की भाषा: महात्मा गांधी

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बीएस संवाददाता
Last Updated- December 11, 2022 | 3:37 PM IST

 देश में हर वर्ष 14 सितंबर को मनाया जाता है। दरअसल संविधान सभा की बैठक में 12 सितंबर, 1947 को सभा के वरिष्ठ सदस्य गोपालस्वामी अय्यंगार द्वारा हिंदी को राजभाषा बनाने का प्रस्ताव रखा गया था। संविधान सभा में इस विषय पर लंबे समय तक बहस चली। 14 सितंबर, 1949 को संविधान सभा ने एकमत से यह निर्णय लिया कि हिंदी भारत की राजभाषा होगी। 
इस निर्णय के बाद ही 1953 से पूरे देश में हिंदी के प्रचार प्रसार के लिए 14 सितंबर को हिंदी दिवस के रूप में मनाने की शुरुआत हुई। महात्मा गांधी ने कहा था कि हिंदी जनमानस की भाषा है और इसे देश की राष्ट्रभाषा बनाने की सिफारिश भी की थी।                  

First Published : September 13, 2022 | 11:04 PM IST