निफ्टी पिछले हफ्ते 1.3 फीसदी की बढ़ोतरी के साथ 17,315 पर बंद होने में कामयाब रहा। सोमवार को बाजारों में बिकवाली का दबाव दिख सकता है क्योंकि शुक्रवार को रोजगार के मजबूत आंकड़े आने के बाद अमेरिकी इक्विटी में बिकवाली शुरू हो गई थी। तकनीकी विश्लेषकों ने कहा कि निफ्टी का मजबूत समर्थन स्तर करीब 17,200 है।
5पैसा डॉट कॉम के शोध प्रमुख रुचित जैन ने कहा, ट्रेडरों को लॉन्ग पोजीशन लेने से बचना चाहिए और इसके बजाय शेयर विशेष पर ध्यान देते हुए सतर्क रुख अपनाना चाहिए। ऑप्शंस के आंकड़े आगामी हफ्ते में 17,000-17,500 के व्यापक स्तर का संकेत दे रहे हैं।
खाता निपटान की व्यवस्था
देसी ब्रोकिंग उद्योग कामयाबी के साथ खाता निपटान की नई व्यवस्था की ओर बढ़ चला है। इसके तहत ब्रोकरों को हर तिमाही के पहले शुक्रवार को क्लाइंटों को वह रकम लौटानी होगी, जो उसके खाते में पड़ी होगी। 7 अक्टूबर को पहली बार इस कवायद को अंजाम दिया गया। ब्रोकरों की तरफ से क्लाइंटों के खाते में अनुमानित तौर पर 25,000 करोड़ रुपये जमा कराए गए हैं।
ब्रोकरों की संस्था एएनएमआई के अध्यक्ष कमलेश शाह ने कहा, नई व्यवस्था का क्रियान्वयन हम आसानी से कर पाए क्योंकि इसके लिए सभी हितधारकों ने पहले से ही व्यवस्था कर रखी थी। हम इसका विश्लेषण भी करेंगे।
घाटे में हफ्ते की समाप्ति
निफ्टी-50 में 30 सितंबर को शामिल होने के बाद से अदाणी एंटरप्राइजेज का शेयर करीब 6 फीसदी टूटा है। यह गिरावट तब देखने को मिली है जब निफ्टी इंडेक्स को ट्रैक करने वाले फंडों की तरफ से कंपनी के 3,000 करोड़ रुपये से ज्यादा के शेयर खरीदने पड़े। बाजार पर नजर रखने वालों ने कहा कि कुछ ट्रेडरों ने इंडेक्स में शेयर के शामिल होने से पहले आक्रामकता के साथ लॉन्ग पोजीशन ली थी और यह कमजोरी ऐसे दांव की बिकवाली के कारण आई है।
एक विश्लेषक ने कहा, कई ट्रेडरों ने नकदी व डेरिवेटिव में दांव लगाए थे। शेयर में गिरावट इन ट्रेडरों की तरफ से बिकवाली के कारण देखने को मिली। अदाणी एंटरप्राइजेज का शेयर सितंबर 2022 में 58 फीसदी उछला था जबकि निफ्टी में 8.3 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज हुई थी।