नवरात्रि का त्योहार वाहन कंपनियों के लिए अच्छा रहा और यह वाहन क्षेत्र की मजबूती और रिकवरी का संकेत भी दे गया। इस दौरान खुदरा वाहन बिक्री 57 फीसदी की बढ़ोतरी के साथ 5,39,227 इकाई रही, जो कोविड के दौरान 2020-22 में 3,42,459 इकाई रही थी। फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (फाडा) ने सोमवार को एक बयान में यह जानकारी दी।
नवरात्रि 2020 के मुकाबले वाहनों की कुल बिक्री 27 फीसदी ज्यादा रही जबकि नवरात्रि 2019 के मुकाबले 16 फीसदी ज्यादा। सभी श्रेणियों में उच्च बढ़ोतरी देखने को मिली और दोपहिया, तिपहिया, वाणिज्यिक वाहन, यात्री वाहन और ट्रैक्टरों की बिक्री नवरात्रि के दौरान क्रमश: 52 फीसदी, 115 फीसदी, 48 फीसदी, 70 फीसदी और 58 फीसदी बढ़ी, जिसकी शुरुआत 26 सितंबर को हुई और 5 अक्टूबर को खत्म हुई।
फाडा के अध्यक्ष मनीष राज सिंघानिया ने कहा, नवरात्रि में हुई वाहनों की खुदरा बिक्री स्पष्ट तौर पर बताती है कि तीन साल के अंतराल के बाद ग्राहक फिर से शोरूम आने लगे हैं। वास्तव में दोपहिया श्रेणी में (जहां कोविड पूर्व माह के मुकाबले कमजोरी दिख रही थी) भी एक अंक में बढ़ोतरी दर्ज की गई।
दोपहिया की बिक्री नवरात्रि 2021 के 2,42,213 वाहनों के मुकाबले नवरात्रि 2022 में बढ़कर 3,69,020 वाहन हो गई। मौजूदा साल का आंकड़ा 2020 के मुकाबले 20 फीसदी ज्यादा और 2019 के मुकाबले 4 फीसदी ज्यादा है।
सिंघानिया ने कहा, नवरात्रि 2019 से तुलना करें तो सभी श्रेणियों ने सकारात्मक रफ्तार का प्रदर्शन किया। दोपहिया, तिपहिया, वाणिज्यिक वाहन, यात्री वाहन और ट्रैक्टरों की बिक्री क्रमश: 4 फीसदी, 31 फीसदी, 37 फीसदी, 59 फीसदी और 90 फीसदी बढ़ी। इस साल नवरात्रि के दौरान तिपहिया की बिक्री दोगुनी होकर 19,809 वाहन रही।