भारत में फ्रैंचाइजी चाहे ब्रिटिश एयरवेज

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बीएस संवाददाता
Last Updated- December 07, 2022 | 8:00 PM IST

ब्रिटेन की नामी विमानन कंपनी ब्रिटिश एयरवेज भारत में किसी साझेदार की तलाश कर रही है। कंपनी फ्रैंचाइजी साझेदारी समझौते के लिए भारत की घरेलू विमानन कंपनियों के बीच कोई माकूल सहयोगी ढूंढ रही है।


अगर ब्रिटिश एयरवेज अपनी मुहिम में कामयाब हो जाती है, तो उसे भारत में अपने नेटवर्क में अच्छा खासा विस्तार करने का मौका मिल जाएगा। उसके लिए फायदा यह होगा कि एक रुपये का भी निवेश उसे नहीं करना पड़ेगा। फिलहाल विदेशी प्रत्यक्ष निवेश की नीति के कारण विदेशी विमानन कंपनियां भारतीय कंपनियों में प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से इक्विटी नहीं ले सकती हैं।

ब्रिटिश एयरवेज दुनिया के दूसरे हिस्सों में भी फ्रैंचाइजी समझौते के तहत तमाम एयरलाइंस के साथ काम कर रही है। इसके तहत वह उन कंपनियों को अपने ब्रांड, कोड और प्रबंधन कौशल का इस्तेमाल करने की अनुमति देती है। लेकिन किसी भी घरेलू एयरलाइन में वह किसी तरह का निवेश नहीं करती है। सूत्रों के मुताबिक गो एयर समेत कई भारतीय घरेलू विमानन कंपनियों से ब्रिटिश एयरवेज की बातचीत चल रही है।

नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सचिव अशोक चावला ने इस बात की पुष्टि की कि ब्रिटिश एयरवेज फ्रैंचाइजी समझौते के लिए संभावनाएं तलाश रही है। उन्होंने बताया, ‘जब तक भारतीय कंपनी को हथियाने की कोशिश नहीं होती है, तब तक हमें फ्रैंचाइजी समझौते से कोई दिक्कत नहीं है।’

चावला ने बताया कि इस मसले पर ब्रिटिश एयरवेज की मंशा जानने के लिए मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी 15 सितंबर को ब्रिटिश एयरवेज के अधिकारियों से मिलेंगे। विदेशी और घरेलू एयरलाइंस के बीच फ्रैंचाइजी एग्रीमेंट के बारे में भारत सरकार के पास कोई भी कानून या दिशानिर्देश नहीं है।

First Published : September 4, 2008 | 11:21 PM IST