सरकारी कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड (CIL) चालू वित्त वर्ष (FY24) के लिए अपने 16,500 करोड़ रुपये के पूंजीगत व्यय (capital expenditure) के टारगेट से आगे निकल जाएगी। सरकार ने बुधवार को यह जानकारी दी। बता दें कि देश के कुल कोयला उत्पादन में CIL की हिस्सेदारी 80 प्रतिशत है।
कोयला मंत्रालय ने बयान में कहा, “जैसे ही हम चालू वित्त वर्ष में आगे बढ़ रहे हैं, CIL और NLCIL दोनों एक बार फिर अपने पूंजीगत व्यय लक्ष्य को पार करने की राह पर हैं…। CIL और NLCIL दोनों अपने वार्षिक पूंजीगत व्यय लक्ष्य को पार कर जाएंगी, जिससे भारत की आर्थिक वृद्धि गति को और बढ़ावा मिलेगा।”
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चालू वित्त वर्ष के लिए NLCIL का पूंजीगत व्यय का लक्ष्य 2,880 करोड़ रुपये है। कोयला मंत्रालय का पूंजीगत व्यय का चालू वित्त वर्ष के लिए लक्ष्य 21,030 करोड़ रुपये है। पिछले कुछ वर्षों में, कोयला क्षेत्र के केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उद्यम (CPSE) अपने पूंजीगत व्यय लक्ष्य से अधिक हासिल कर रहे हैं।
वित्त वर्ष 2021-22 में CIL ने अपने पूंजीगत व्यय लक्ष्य का 104.88 प्रतिशत तो NLCIL ने 123.33 प्रतिशत हासिल लिया। वित्त वर्ष 2022-23 में दोनों कंपनियों ने पूंजीगत व्यय के लक्ष्य का लगभग 113 प्रतिशत हासिल किया था।
(भाषा के इनपुट के साथ)