अर्थव्यवस्था

टैक्स चोरी पर लगाम ! पान मसाला पर GST सेस अब खुदरा बिक्री मूल्य के आधार पर लगेगा

नई दरें एक अप्रैल, 2023 की तारीख से लागू हो गई हैं।

Published by
भाषा
Last Updated- April 09, 2023 | 3:58 PM IST

सरकार ने पान मसाला एवं तंबाकू उत्पाद विनिर्माताओं पर एक अप्रैल से प्रभावी खुदरा बिक्री मूल्य (RSP) पर आधारित GST सेस को निर्धारित कर दिया है। पान मसाला एवं तंबाकू उत्पादों पर पहले 28 फीसदी की दर से लगने वाले माल एवं सेवा कर (GST) के अलावा उसपर मूल्य के अनुपात में उपकर लगता था। लेकिन अब इस व्यवस्था में बदलाव कर दिया गया है।

वित्त मंत्रालय की तरफ से जारी अधिसूचना के मुताबिक, GST सेस के तौर पर पान मसाला पाउच के खुदरा बिक्री मूल्य (RSP) का 0.32 गुना वसूला जाएगा। नई दरें एक अप्रैल, 2023 की तारीख से लागू हो गई हैं।

तंबाकू गुटखा वाले पान मसाला पर GST सेस RSP का 0.61 गुना लगेगा जबकि सिगरेट एवं पाइप वाली तंबाकू सामग्री के लिए यह दर 0.69 गुना है। तंबाकू चबाना, फिल्टर वाली खैनी और जर्दा पर RSP का 0.56 गुना उपकर लगेगा जबकि हुक्का एवं ब्रांडेड कच्चे तंबाकू के लिए यह दर 0.36 गुना है।

खुदरा बिक्री मूल्य के आधार पर GST सेस लगाने से तंबाकू विनिर्माताओं को अब पान मसाला एवं तंबाकू उत्पादों के कारखाने से बाहर निकलते समय अंतिम खुदरा मूल्य पर उपकर चुकाना होगा। इससे कर चोरी को रोकने में मदद मिलेगी क्योंकि उपकर को कारखाना के स्तर पर ही वसूल लिया जाएगा।

यह भी पढ़ें : Edible Oil Price: बीते सप्ताह खाद्य तेल, तिलहन कीमतों में गिरावट

एएमआरजी एंड एसोसिएट्स के वरिष्ठ साझेदार रजत मोहन ने कहा कि RSP -आधारित उपकर व्यवस्था अपनाने से सरकार को राजस्व का अधिक टिकाऊ जरिया मिल सकता है। उन्होंने कहा कि विनिर्माता के स्तर पर कर इकट्ठा होने से पान मसाला उद्योग में कर चोरी को कम किया जा सकता है।

First Published : April 9, 2023 | 3:58 PM IST