विभिन्न मांगों को लेकर पिछले एक माह से चली आ रही ग्लास बेकर्स ऑर्गेनाइजेशन की हड़ताल खत्म हो गई है।
अब जल्द ही फिरोजाबाद शहर की चूड़ी भट्ठियों में खनखनाहट की आवाज फिर सुनाई देने लगेगी। चूड़ी भट्ठियों के मालिक और डीलर्स के बीच एक समझौता के बाद यह निर्णय लिया गया।
चूड़ी पकाई भट्ठी सेवा समिति के चेयरमैन इनाम कुरैशी ने बताया कि हड़ताल खत्म होने से शहर के हजारों श्रमिकों ने राहत की सांस ली है। उन्होंने बताया कि फिरोजाबाद शहर में चूड़ियों की करीब 300 भट्ठियां है, जिनमें लगभग 4000 कारीगर काम करते हैं। लेकिन एक माह से चल रही हड़ताल के कारण उनके समक्ष रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया था।
कुरैशी ने बताया कि कारीगरों की स्थिति को ध्यान में रखते चूड़ी निर्माताओं और डीलरों के बीच एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें क्रेडिट अकाउंट के लिए 15 दिनों का समय तय किया गया। साथ ही चूड़ियों की पकाई दर भी प्रति सेट 60 पैसे बढ़ाने पर सहमति हो गई है। नई दर इसी हफ्ते से लागू होगी। अगर कोई डीलर बढ़ी हुई दर देने से मना करेगा, तो उसे चूड़ियों की आपूर्ति नहीं की जाएगी।
हालांकि कुरैशी ने कहा कि नैचुरल गैस की आपूर्ति का मुद्दा अभी भी अटका हुआ है। उनका कहना है कि फिरोजाबाद शहर में नैचुरल गैस की उपलब्धता पर्याप्त मात्रा में नहीं हो पा रही है, जिससे समस्या बनी हुई है। कुरैशी ने उत्तर प्रदेश पॉल्यूशन कंट्रोल डिपार्टमेंट से मांग की है कि कोयले से चलने वाली भट्ठियों के बारे में उसे गंभीरता से विचार करना चाहिए, क्योंकि नैचुरल गैस के अभाव में ईंधन का कोई दूसरा विकल्प भी नहीं है।
चूड़ी भट्ठी मालिक हड़ताल वापस लेने पर सहमत
फिरोजाबाद के चूड़ी निर्माता पिछले एक महीने से थे हड़ताल पर
चूड़ियों की पकाई दर मेंप्रति सेट 60 पैसे की बढ़ोतरी
क्रेडिट सीमा 15 दिन तय करने पर सहमत