बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर रहमान
बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर रहमान की केंद्रीय मंत्रियों और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के साथ होने वाली बैठकों में निवेश सहित कई अन्य मुद्दों पर चर्चा होगी। इन बैठकों में भारतीय सार्वजनिक एवं निजी क्षेत्रों द्वारा बांग्लादेश में निवेश बढ़ाने,अगस्त 2024 में शेख हसीना सरकार के सत्ता से बेदखल होने के बाद ठप पड़ी परियोजनाएं पटरी पर लाने और बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान की जल्द ही भारत यात्रा की संभावनाओं आदि पर चर्चा हो सकती है।
ढाका और नई दिल्ली दोनों चाहते हैं कि बांग्लादेश के प्रधानमंत्री राष्ट्राध्यक्ष के रूप में अपनी पहली द्विपक्षीय यात्रा पर भारत आएं। मई के दूसरे सप्ताह में रहमान के भारत यात्रा पर आने की संभावनाएं जताई जा रही हैं।
मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार रहे बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर रहमान मंगलवार शाम को नई दिल्ली पहुंचे। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार डोभाल के अलावा खलीलुर रहमान बुधवार को विदेश मंत्री एस जयशंकर, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी से भी मुलाकात करेंगे।
पिछले एक महीने में भारत ने पश्चिम एशिया में मौजूदा हालात के बीच बांग्लादेश को नुमालीगढ़ रिफाइनरी से तेल की आपूर्ति जारी रखी है अपने पड़ोसी देश की ऊर्जा सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धताओं का संकेत दिया है। माना जा रहा है कि बांग्लादेश भारत से तेल की अतिरिक्त आपूर्ति का भी अनुरोध कर सकता है।
दोनों देशों के बीच कुछ लंबित मुद्दों में 30 वर्षीय गंगा जल संधि का नवीनीकरण शामिल है जिस पर दिसंबर 1996 में हस्ताक्षर किए गए थे। इस संधि की अवधि इस वर्ष समाप्त हो रही है।
ढाका पूर्व प्रधानमंत्री हसीना के प्रत्यर्पण की मांग करता रहा है जो भारत में निर्वासन में रह रही हैं। यह ज्ञात नहीं है कि झारखंड के गोड्डा में अदाणी पावर के थर्मल पावर प्लांट से संबंधित तौर-तरीकों पर चर्चा होगी या नहीं। यह संयंत्र बांग्लादेश को बिजली की आपूर्ति करता है।
बांग्लादेश के विदेश मंत्री की यह यात्रा ढाका और नई दिल्ली द्वारा द्विपक्षीय संबंधों को सुधारने के प्रयासों के बीच हो रही है। बांग्लादेश में अगस्त 2024 में शेख हसीना सरकार के पतन के बाद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार के 18 महीने के कार्यकाल के दौरान दोनों देशों के संबंध बिगड़ गए थे। बांग्लादेश के विदेश मंत्री गुरुवार सुबह नई दिल्ली से मॉरीशस के लिए रवाना होंगे जहां वे हिंद महासागर पर एक सम्मेलन में भाग लेंगे।