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ईरान युद्ध में US के 42 जेट और ड्रोन तबाह; F-15E, F-35A जैसे फाइटर जेट भी हुए नष्ट

CRS की रिपोर्ट में कहा गया है कि नष्ट या क्षतिग्रस्त विमानों की संख्या में आगे बदलाव हो सकता है।

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एजेंसियां   
Last Updated- May 20, 2026 | 10:48 AM IST

US Iran War: ईरान के खिलाफ 28 फरवरी को शुरू किए गए ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के दौरान अमेरिका ने कम से कम 42 विमान खो दिए या उन्हें नुकसान पहुंचा। इनमें लड़ाकू विमान और ड्रोन शामिल हैं। यह जानकारी एक आधिकारिक रिपोर्ट में सामने आई है।

कांग्रेसनल रिसर्च सर्विस (CRS) की रिपोर्ट में कहा गया है कि नष्ट या क्षतिग्रस्त विमानों की संख्या में आगे बदलाव हो सकता है। इसकी वजह गोपनीय जानकारी, जारी सैन्य गतिविधियां और हमलों की जिम्मेदारी तय करने जैसी कई बातें हैं।

रिपोर्ट के अनुसार US Iran War में जिन विमानों को नुकसान पहुंचा या जो नष्ट हुए उनमें चार F-15E स्ट्राइक ईगल लड़ाकू विमान, एक F-35A लाइटनिंग II लड़ाकू विमान, एक A-10 थंडरबोल्ट II ग्राउंड-अटैक विमान, सात KC-135 स्ट्रैटोटैंकर एयर रिफ्यूलिंग विमान, एक E-3 सेंट्री AWACS विमान, दो MC-130J कमांडो II स्पेशल ऑपरेशन विमान, एक HH-60W जॉली ग्रीन II हेलीकॉप्टर, 24 MQ-9 रीपर ड्रोन और एक MQ-4C ट्राइटन ड्रोन शामिल हैं।

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अमेरिकी कांग्रेस और उसकी समितियों को नीतिगत और कानूनी विश्लेषण उपलब्ध कराने वाली CRS ने यह आंकड़े रक्षा विभाग और अमेरिकी सेंट्रल कमांड के बयानों तथा मीडिया रिपोर्टों के आधार पर तैयार किए हैं।

12 मई को हाउस एप्रोप्रिएशंस सबकमेटी की सुनवाई के दौरान पेंटागन के कार्यवाहक नियंत्रक जूल्स डब्ल्यू हर्स्ट III ने कहा कि ईरान में सैन्य अभियानों की लागत का अनुमान बढ़कर 29 अरब डॉलर हो गया है। उन्होंने कहा, “इस बढ़ोतरी का बड़ा कारण उपकरणों की मरम्मत और बदलने की लागत का अधिक सटीक अनुमान सामने आना है।”

First Published : May 20, 2026 | 10:48 AM IST