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हम यह युद्ध जीत चुके हैं, सैन्य रूप से वे खत्म हो चुके हैं: पश्चिम एशिया संघर्ष पर ट्रंप

ट्रंप का बड़ा दावा- ईरान की सैन्य ताकत खत्म, बातचीत के जरिए युद्ध खत्म करने की कोशिश तेज

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एजेंसियां   
Last Updated- March 25, 2026 | 9:09 AM IST

अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिका यह युद्ध जीत चुका है और ईरान की नौसेना तथा वायुसेना पूरी तरह तबाह हो चुकी है। होमलैंड सिक्योरिटी सचिव के शपथ ग्रहण समारोह में ट्रंप ने कहा, “हम अभी बातचीत कर रहे हैं। मैं आपको बता सकता हूं कि वे समझौता करना चाहते हैं और अगर आप उनकी जगह होते तो कौन नहीं चाहता? उनकी नौसेना खत्म हो चुकी है, वायुसेना खत्म हो चुकी है, उनका कम्युनिकेशन सिस्टम खत्म हो चुका है। लगभग सब कुछ खत्म हो गया है।”

ईरान के साथ शांति वार्ता को लेकर उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि हम इसे खत्म कर देंगे। मैं पूरी तरह नहीं कह सकता, लेकिन हमने यह जीत लिया है… हमारे विमान तेहरान और उनके अन्य हिस्सों के ऊपर उड़ रहे हैं। वे कुछ नहीं कर सकते। अगर मैं किसी पावर प्लांट को गिराना चाहूं, तो वे कुछ नहीं कर सकते… वे पूरी तरह हार चुके हैं… सैन्य रूप से वे खत्म हो चुके हैं।”

ईरान के पास अब परमाणु हथियार नहीं होंगे

ट्रंप ने कहा कि ईरान के पास अब परमाणु हथियार नहीं होंगे। उन्होंने कहा, “हम जो चाहें उस पर नियंत्रण रखेंगे। अगर हम बिना और जान गंवाए, बिना 10 अरब डॉलर के नए बिजली संयंत्रों को नष्ट किए इसको खत्म कर सकते हैं, तो मैं ऐसा करना चाहूंगा। लेकिन वे कुछ चीजें नहीं रख सकते। सबसे पहली बात- कोई परमाणु हथियार नहीं, और उन्होंने इस पर सहमति जताई है।”

बातचीज के लिए मजबूत​ ​स्थिति में अमेरिका

राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि अमेरिका इस समय बातचीत में मजबूत स्थिति में है। वह ईरान पर भरोसा नहीं करते। उन्होंने कहा, “मैं किसी पर भरोसा नहीं करता। क्या आपको लगता है कि मैं उन पर भरोसा करता हूं? नहीं।” ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने ईरान के पूरे नेतृत्व को खत्म कर दिया है और अब एक नया नेतृत्व सामने आया है। उन्होंने कहा, “यह एक तरह से शासन परिवर्तन जैसा है क्योंकि मौजूदा नेता पहले वाले नेताओं से अलग हैं।”

युद्ध के बीच बातचीत जारी रखने पर ट्रंप ने कहा, “वे समझौता करना चाहते हैं… उन्होंने हमें एक बड़ा ‘तोहफा’ दिया है, जो तेल और गैस से जुड़ा है… इससे मुझे लगा कि हम सही लोगों से बात कर रहे हैं।” यह ‘तोहफा’ होर्मुज जलडमरूमध्य में तेल और गैस की​ निर्बाध आवाजाही से जुड़ा था। ट्रंप ने कहा कि ईरान ने यह भी मान लिया है कि उसके पास कभी परमाणु हथियार नहीं होंगे।

पाकिस्तान की भूमिका को लेकर भी दिये संकेत

ट्रंप ने पाकिस्तान की भूमिका को लेकर भी संकेत दिए। उन्होंने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के बयान को साझा किया, जिसमें पाकिस्तान ने अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थता की पेशकश की है। शरीफ ने कहा कि पाकिस्तान “अर्थपूर्ण और अंतिम समाधान” के लिए बातचीत कराने को तैयार है, अगर दोनों पक्ष सहमत हों। यह कूटनीतिक हलचल ऐसे समय में बढ़ी है जब ट्रंप ने ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर हमलों को लेकर पांच दिन की रोक की घोषणा की है।

इनपुट: एएनआई

First Published : March 25, 2026 | 9:09 AM IST