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कच्चे तेल में गिरावट से रुपया मजबूत, 36 पैसे उछलकर 92.64 प्रति डॉलर पर खुला

Dollar vs Rupee: रुपया 95 प्रति डॉलर के करीब के स्तर से संभलकर वापस मजबूत हुआ है और युद्धविराम से मिली राहत से इसमें आगे और मजबूती आने की उम्मीद है।

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जतिन भूटानी   
Last Updated- April 08, 2026 | 10:08 AM IST

Indian Rupee vs Dollar: अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया बुधवार (8 अप्रैल) को 36 पैसे मजबूत होकर 92.64 प्रति डॉलर पर खुला। यह तेजी केंद्रीय बैंक की नीति घोषणा की उम्मीद, कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट और मिडिल ईस्ट में दो हफ्ते के युद्धविराम के बाद एशियाई मुद्राओं में आई मजबूती के चलतेदेखने को मिली।

जून के लिए ब्रेंट क्रूड वायदा करीब 14 प्रतिशत गिरकर 94.10 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। वहीं अमेरिकी शेयर बाजार 2 प्रतिशत से अधिक चढ़े। जबकि दक्षिण कोरिया और जापान के बाजार क्रमशः 6 प्रतिशत और 5 प्रतिशत बढ़े।

अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप (Donald Trump) की मध्यस्थता से ईरान के साथ हुए दो हफ्ते के युद्धविराम ने जोखिम वाले एसेट्स को मजबूती दी। साथ ही एशियाई मुद्राओं को सहारा दिया और तेल की कीमतों में गिरावट में योगदान दिया।

Indian Rupee: युद्धविराम से राहत

यह युद्धविराम बाजारों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। पिछले कुछ हफ्तों से बाजार संघर्ष की अवधि और इसके महंगाई पर संभावित असर को लेकर अनिश्चितता का सामना कर रहे थे। यह समझौता ट्रंप द्वारा तेहरान को स्ट्रेट ऑफ हॉरमुज को फिर से खोलने की चेतावनी देने से महज दो घंटे पहले अंतिम रूप दिया गया। इसमें उन्होंने ऐसा न करने पर नागरिक ढांचे पर कड़े हमलों की बात कही थी।

एक्सपर्ट्स के अनुसार, युद्धविराम की खबर तेल आयात करने वाले भारत के लिए सकारात्मक है। खासकर तब जब भारतीय रिजर्व बैंक की नीति घोषणा सुबह 10 बजे निर्धारित है। हाल ही में तेल की कीमतों में आई तेजी से महंगाई की चिंताएं बढ़ी हैं। इसलिए केंद्रीय बैंक के मौजूदा ब्याज दरों को बरकरार रखने की संभावना है। रुपये पर बढ़ती तेल कीमतों के असर को संभालने के लिए आरबीआई ने हाल में बैंकों और कंपनियों के संचालन पर सख्त नियम लागू किए हैं। इन उपायों के बाद रुपया 95 प्रति डॉलर के करीब के स्तर से संभलकर वापस मजबूत हुआ है और युद्धविराम से मिली राहत से इसमें आगे और मजबूती आने की उम्मीद है।

First Published : April 8, 2026 | 9:50 AM IST