Stock Market Closing Bell, February 06, 2026: एशियाई बाजारों में गिरावट के बीच भारतीय शेयर बाजार हफ्ते के अंतिम ट्रेडिंग सेशन यानी शुक्रवार (6 फरवरी) को उतार-चढ़ाव वाले कारोबार में बढ़त के साथ बंद हुए। एफएमसीजी शेयरों में जोरदार तेजी से बाजार को सपोर्ट मिला जबकि आईटी स्टॉक्स मेब बिकवाली से बाजार पर दाबाव पड़ा। आरबीआई ने रीपो रेट को 5.25% पर बरकरार रखने का फैसला किया है। इसके बाद ब्याज दरों से जुड़े सेक्टरों जैसे बैंक, एनबीएफसी, ऑटो और रियल एस्टेट के शेयरों में मिला-जुला कारोबार देखने को मिला।
तीस शेयरों वाला बीएसई (BSE Sensex) मामूली गिरावट लेकर 83,249.32 पर खुला और यह खुलते ही इसमें गिरावट देखने कोई मिली। हालांकि, बाद में इंडेक्स में कुछ रिकवरी देखी गई और अंत में 266.47 अंक या 0.32% की बढ़त लेकर 83,580.40 पर बंद हुआ।
इसी तरह, नैशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का निफ्टी-50 (Nifty-50) 25,605 पर खुला और खुलते ही 25600 के नीचे फिसल गया। हालांकि, कारोबार में अंत में इंडेक्स में रिकवरी देखी गई और यह 50.90 अंक या 0.20 फीसदी की बढ़त के साथ 25,693.70 पर बंद हुआ।
एनरिच मनी के सीईओ पोनमुडी आर ने कहा, ”आज भारतीय शेयर बाजार में सतर्कता के साथ सीमित दायरे में कारोबार देखने को मिला। निवेशकों ने केंद्रीय बैंक के ब्याज दरों में कोई बदलाव न करने के फैसले को समझा। इससे यह संकेत मिला कि हाल ही में अमेरिका के टैरिफ में बदलाव के बाद वैश्विक व्यापार को लेकर स्थिति बेहतर होने पर भी आरबीआई फिलहाल स्थिरता को प्राथमिकता दे रहा है। हालांकि, बाजार की धारणा को नियामकीय स्पष्टता से सहारा मिला। आरबीआई ने संकेत दिया कि बैंकों को रियल एस्टेट निवेश ट्रस्ट (रीट) को कर्ज देने की अनुमति दी जाएगी। इससे रियल एस्टेट सेक्टर और क्रेडिट सिस्टम के लिए लंबी अवधि की फंडिंग को लेकर बेहतर तस्वीर सामने आई है।”
उन्होंने कहा, ”घरेलू मोर्चे पर भी बाजार को समर्थन मिला। भारतीय रुपया थोड़ी रिकवरी दिखाता नजर आया। इसकी वजह कंपनियों की डॉलर मांग में कमी रही। इससे शॉर्ट टर्म में मुद्रा को लेकर चिंता कुछ कम हुई।”
आईटीसी, कोटक बैंक, एचयूएल, भारती एयरटेल, बजाज फाइनेंस और बजाज फिनसर्व सबसे ज्यादा बढ़ने वाले शेयर रहे। वहीं टीसीएस, टेक महिंद्रा, अडानी पोर्ट्स, इटरनल और एशियन पेंट्स सबसे ज्यादा गिरने वाले शेयर रहे। ब्रोडर मार्केट की बात करें तो निफ्टी मिडकैप 100 और स्मॉलकैप 100 इंडेक्स क्रमशः 0.02% और 0.27% नीचे बंद हुए।
एनएसई पर सेक्टोरल इंडेक्स में मिला-जुला कारोबार देखने को मिला। निफ्टी आईटी इंडेक्स सबसे कमजोर रहा और 1.47% गिरकर बंद हुआ। फार्मा, ऑटो, मेटल, रियल्टी और मीडिया इंडेक्स भी गिरावट के साथ बंद हुए। वहीं निफ्टी एफएमसीजी सबसे ज्यादा बढ़ने वाला सेक्टर रहा, जो 2.2% चढ़ा।
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति समिति (MPC) ने शुक्रवार (6 फरवरी) को रेपो रेट पर अपने फैसले का एलान कर दिया। समिति ने मौजूदा परिस्थितियों पर गौर करते हुए प्रमुख नीतिगत दर रीपो रेट (Repo Rate) को 5.25% पर बरकरार रखने का फैसला किया। यह समिति की चालू वित्त वर्ष की अंतिम द्विमासिक द्विमासिक मॉनेटरी पॉलिसी है।
आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति ने 4 से 6 फरवरी के बीच हुई अपनी पॉलिसी मीटिंग में ‘न्यूट्रल’ रुख बरकरार रखा। आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने पॉलिसी बैठक के बाद इस निर्णय की घोषणा की। बता दें कि फरवरी 2025 से अब तक ब्याज दरों में 100 बेसिस पॉइंट की कटौती की जा चुकी है।
एशिया के शेयर बाजारों में शुक्रवार को गिरावट जारी रही। अमेरिका की टेक (तकनीकी) कंपनियों के शेयरों में नुकसान होने से दुनियाभर में निवेशकों का भरोसा कमजोर हुआ। दक्षिण कोरिया का कोस्पी करीब 3 प्रतिशत गिरा, जबकि हांगकांग का हैंग सेंग इंडेक्स लगभग 2 प्रतिशत नीचे रहा।
वॉल स्ट्रीट पर भी टेक शेयरों में दबाव रहा। ब्लूमबर्ग के मुताबिक, टेक शेयरों वाला नैस्डैक 100 पिछले साल अप्रैल के बाद तीन दिनों में सबसे बड़ी गिरावट का सामना कर रहा है। इसकी एक वजह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर चिंता भी है। इस दौरान S&P 500 इंडेक्स 1.23% और नैस्डैक 1.59% नीचे बंद हुआ।