सर्दी से गरम हुआ ऊनी कपड़ों का बाजार
पारे के गिरने के साथ ही नवाबों की नगरी लखनऊ में ऊनी कपड़ों की बिक्री में उफान आ गया है। ग्राहकों को रिझाने के लिए दुकानों की बेहतरीन सजावट, आकर्षक पैकिंग और ऊनी कपड़ों पर आकर्षक छूट की पेशकश भी की जा रही है। तिब्बती और कश्मीरी व्यापारियों के अलावा अंगूरा, शुद्ध ऊन और चमड़े […]
दानवीरता की ‘अमर’ कहानी
अगर दान मांगने के लिए पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति बिल क्लिंटन जैसी शख्सियत खुद भारत में आकर गुहार लगाए तो दानवीर कर्ण के इस देश में धनकुबेर और राजनेता उन्हें न कैसे करें? शायद यही परंपरागत मजबूरी रही होगी, वरना क्लिंटन के धर्मार्थ संगठन को लाखों डॉलर का दान देने वाले भारतीयों की इतनी लंबी सूची […]
साख बचाने को बंटेगी ‘रेवड़ी’
मायटास इन्फ्रा और मायटास प्रॉपर्टीज के सौदे में हुई किरकिरी के बाद साख बचाने की कवायद के तहत सत्यम अपने शेयरधारकों को लाभांश के तौर पर तगड़ी रेवड़ी देने की तैयारी में है। कंपनी के चेयरमैन रामलिंग राजू ने हालांकि सौदे को रद्द तो कर दिया था, लेकिन कंपनी की साख को काफी नुकसान पहुंचा […]
लचीला होगा विदेशी उधार
कंपनियों के लिए विदेशों से वाणिज्य ऋण (ईसीबी) जुटाने की शर्तों में इस माह के अंत तक कुछ और ढील देने की योजना बना रही है। इस फैसले से वैश्विक वित्तीय संकट के दौर में बुनियादी ढांचा और गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थाओ को विदेश से धन जुटाने में आसानी होगी। यह कवायद उस समय शुरू की […]
बुझने लगी तेल की आग
बुधवार को ओपेक द्वारा कच्चे तेल की कीमतों में स्थिरता लाने के लिए उत्पादन में करीब 9 फीसदी की कटौती की घोषणा के बावजूद तेल की कीमतों में लगातार गिरावट का रुख बना हुआ है। शुक्रवार को न्यूयॉर्क मकर्टाइल एक्सचेंज में कच्चा तेल 34 डॉलर प्रति बैरल तक आ गया। उल्लेखनीय है कि इस हफ्ते […]
आंखों का तारा बन गईं चंदा
भारत के निजी क्षेत्र के सबसे बड़े बैंक आईसीआईसीआई ने अपने नए मुखिया का चयन कर लिया है। मौजूदा संयुक्त प्रबंध निदेशक और मुख्य वित्तीय अधिकारी चंदा कोछड़ को नया मुख्य कार्याधिकारी एवं प्रबंध निदेशक बनाने की घोषणा की गई है। बैंक के मौजूदा सीईओ के.वी. कामत अप्रैल 2009 में सेवानिवृत्त हो रहे हैं। बैंक […]
घबराने का नहीं, मुकाबले का है वक्त
मंदी से निपटने के लिए कई मोर्चों पर एक साथ काम करना पड़ता है। हालात से घबरा कर काम समेट लेने में या कारोबार कम कर देने से हल नहीं निकलता है। अच्छे दिन देखे हैं, तो बुरे के लिए भी तैयार रहना पड़ता है। यह कहना है लखनऊ में प्रिंटिंग व्यवसायी आलोक सक्सेना का। […]
सत्यम नहीं सुंदरम
बी रामलिंग राजूचेयरमैन, सत्यम कंप्यूटर्स तकरीबन तीन दशक पहले भारत की तीसरी सबसे बड़ी आईटी सेवा प्रदाता कंपनी विप्रो अपने वनस्पति तेलों के कारोबार से आईटी क्षेत्र में प्रवेश करने में सफल रही थी। लेकिन इस सप्ताह के शुरू में जब देश की चौथी सबसे बड़ी आईटी सेवा प्रदाता कंपनी सत्यम कम्प्यूटर सर्विसेज ने अपने […]
आईटी में सब पर मंदी का अलग-अलग असर
देश के आईटी उद्योग पर भी अब खतरे के बादल मंडराने लगे हैं। वर्ष 1987 के बाद से ही आईटी उद्योग पांच दफा मंदी की गिरफ्त में आ चुका है और हर बार यह बड़ी मजबूती के साथ मुश्किल हालत से उबर भी आया है। यह कहना है इन्फोसिस टेक्नोलॉजिज के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और […]
मंदी के बावजूद आईटी की रफ्तार 20 के पार
मौजूदा आर्थिक मंदी के बावजूद भारत में वर्ष 2008-2009 में सूचना प्रौद्योगिक (आईटी) उद्योग के 20 प्रतिशत दर के साथ विकास कर पाने की उम्मीद है। नैसकॉम के चेयरमैन गणेश नटराजन का मानना है कि मंदी की आंच का भारतीय अर्थव्यवस्था पर सबसे बाद में असर पड़ा था और अगले साल सितंबर में विकास का […]
