एफएमसी को करना होगा इंतजार
जिंस बाजार नियामक वायदा बाजार आयोग (एफएमसी) को और अधिकार हासिल करने के लिए अभी इंतजार करना होगा। इस आशय के विधेयक को संसद के मौजूदा सत्र में पेश किए जाने की संभावना नहीं है। प्रस्तावित विधेयक में जिंस की परिभाषा को लेकर वित्त तथा उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय में मतभेद हैं।इस विधेयक में एफएमसी […]
‘अनुमान से कम रह सकता है कॉफी उत्पादन’
अमेरिकी कृषि विभाग की ताजा रिपोर्ट के अनुसार भारत का कॉफी उत्पादन वर्ष 2008-09 के सत्र में 2.8 लाख टन रहने का अनुमान है, जो कॉफी बोर्ड के अनुमान से चार प्रतिशत कम है। विभाग ने यह भी भविष्यवाणी की है कि भारत का कॉफी निर्यात वैश्विक वित्तीय संकट से आंशिक तौर पर प्रभावित होगा। […]
मंदी के दौर में अधिक डेट से करें तौबा
बड़ी मंदी के बाजार के बीच में भावी योजनाओं को बनाए रखना काफी मुश्किल होता है। खासतौर पर तब जब यह जानते हों कि कई कारणों से दर्द और भी बढ़ सकता है। उदाहरण के लिए विदेशी संस्थागत निवशकों की पूंजी लागतार भारत से अपना मुंह मोड़ रही है। भारतीय कंपनियों पर कर्ज के मामले […]
बीएस की क्लास
1.एनएसई में मुद्रा वायदों में कारोबार करने पर होने वाले मुनाफा … के तहत कर के दायरे में आता है। क. लघुकालिक पूंजी लाभ (एसटीसीजी)ख. दीर्घकालिक पूंजी लाभ (एलटीसीजी)ग. कारोबारी आय (बीआई)घ. ऊपर बताए गए विकल्पों में से कोई भी, करदाता की सुविधा के अनुसार2. ‘तानकन सर्वे’ …. में एक साल में चार बार कराया […]
कर्ज देने को बैंक हो गए हैं तैयार
मौजूदा आर्थिक मंदी के कारण वित्तीय बाजारों में मुश्किल दौर ने ग्राहकों पर बुरी तरह से असर डाला है। प्रमुख बैंको ने ऑटो सरीखे क्षेत्रों को कर्ज देना बंद कर दिया था या फिर उन्होंने नियम और कानून इतने कड़े कर दिए थे कि आवेदनकर्ता इन नियमों पर खरे उतरने में खुद को नाकाबिल समझ […]
फायदे के लिए नुकसान
बाजार जब चढ़ने की स्थिति में होता है तो अधिकांश निवेशक अपने इक्विटी निवेश से होने वाले लाभ पर कराधान की योजना बनाते हैं। मूल विचार यह होता है कि लाभ पर कर कम से कम दर पर लगे। कर कानूनों के मुताबिक यदि कोई निवेशक एक साल से अधिक समय तक शेयरों को रखता […]
व्यापार गोष्ठी: ब्याज दर घटने से मंदी के बादल छंटेंगे?
सुधार के लिए कटौती जरूरीएस, एस. भदौरियासेवानिवृत बैंक अधिकारी, बीकानेर वित्त मंत्री चिदंबरम ने बैंकों को ब्याज दर घटाने का संकेत देकर मंदी की कमर तोड़ने का सफल प्रयास किया है। नकदी तरलता बढ़ाने का लाभ उद्योग-व्यवसाय जगत तथा आम उपभोक्ता को तभी मिल सकेगा, जब ब्याज दर उसकी पहुंच में हो। सस्ती ब्याज दर […]
मिलिए, भारत के इन नायाब हीरों से
इंदौर के पास एक जगह है बरवानी। वहां के राजघराने के सदस्य मानवेंद्र सिंह ने एक मुश्किल, लेकिन काफी शानदार काम अपने सिर ले लिया था। विंटेज (पुरानी) और क्लासिक कारें के एक्सपर्ट, उनके रखरखाव में माहिर और इस बाबत किताब लिख चुके यह मशहूर शख्स मुल्क की पहली कॉन्कर्स डी’एलेगैंस में लोगों की जिज्ञासा […]
अब कई-कई बार देखें अपने पसंदीदा सीरियल
डायरेक्ट टू होम (डीटीएच) कंपनियों ने इस सेवा के लगभग 70 लाख ग्राहकों के बाजार को लुभाने के लिए अब एक नई कवायद शुरू कर दी है ताकि ग्राहक मनचाहे टेलीविजन प्रोग्राम को रिकॉर्ड करके जितनी दफा चाहें देख सकें। दरअसल ये कंपनियां अपने ग्राहकों की जरूरत को देखते हुए डिजिटल रिकॉर्डिंग उपकरण मुहैया कराने […]
जी-20 की बैठक में संभावित मसले
इस हफ्ते के आखिर में वाशिंगटन में जी-20 देशों के शासन प्रमुखों की बैठक होने वाली है जिसमें प्रमुख औद्योगिक अर्थव्यवस्थाओं के साथ साथ भारत जैसी प्रमुख उभरती आर्थिक अर्थव्यवस्थाएं भी शामिल होंगी। इस बैठक में आर्थिक मोर्चों पर जो दबाव और मतभेद हैं, उन पर खुल कर चर्चा होने की संभावना है। एक तरफ […]
