facebookmetapixel
रेट कट का असर! बैंकिंग, ऑटो और रियल एस्टेट शेयरों में ताबड़तोड़ खरीदारीTest Post कैश हुआ आउट ऑफ फैशन! अक्टूबर में UPI से हुआ अब तक का सबसे बड़ा लेनदेनChhattisgarh Liquor Scam: पूर्व CM भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य को ED ने किया गिरफ्तारFD में निवेश का प्लान? इन 12 बैंकों में मिल रहा 8.5% तक ब्याज; जानिए जुलाई 2025 के नए TDS नियमबाबा रामदेव की कंपनी ने बाजार में मचाई हलचल, 7 दिन में 17% चढ़ा शेयर; मिल रहे हैं 2 फ्री शेयरIndian Hotels share: Q1 में 19% बढ़ा मुनाफा, शेयर 2% चढ़ा; निवेश को लेकर ब्रोकरेज की क्या है राय?Reliance ने होम अप्लायंसेस कंपनी Kelvinator को खरीदा, सौदे की रकम का खुलासा नहींITR Filing 2025: ऑनलाइन ITR-2 फॉर्म जारी, प्री-फिल्ड डेटा के साथ उपलब्ध; जानें कौन कर सकता है फाइलWipro Share Price: Q1 रिजल्ट से बाजार खुश, लेकिन ब्रोकरेज सतर्क; क्या Wipro में निवेश सही रहेगा?Air India Plane Crash: कैप्टन ने ही बंद की फ्यूल सप्लाई? वॉयस रिकॉर्डिंग से हुआ खुलासा

रसोई गैस सिलिंडर 25 रुपये महंगा, दिल्ली में 819 रुपये का

Last Updated- December 12, 2022 | 7:37 AM IST

घरेलू रसोई गैस (एलपीजी या तरलीकृत पेट्रोलियम गैस) सिलिंडर सोमवार से 25 रुपये महंगा हो गया। कीमतें बढऩे के बाद 14.2 किलो का घरेलू रसोई गैस सिलिंडर अब नई दिल्ली में 819 रुपये में मिलेगा। वहीं 19 किलो के वाणिज्यिक रसोई गैस सिलिंडर की कीमत 95 रुपये बढ़ाई गई है और अब यह 1,614 रुपये में मिलेगा। देश भर में रसोई गैस की कीमतें एक समान बढ़ाई गई हैं।
इस समय रसोई गैस पर कोई सब्सिडी नहीं मिलती है। रसोई गैस की कीमत सामान्यतया हर महीने की शुरुआत में बदली जाती है। लेकिन फरवरी 2021 में इसकी कीमत 3 बार बढ़ाई गई।
जनवरी 2021 में घरेलू रसोई गैस सिलिंडर की कीमत 694 रुपये थी, जो 4 फरवरी को 719 रुपये हो गई। 15 फरवरी को एक बार फिर दाम 50 रुपये बढ़ा और इसकी कीमत 769 रुपये हो गई। तीसरी बार 25 फरवरी को कीमत में 25 रुपये प्रति सिलिंडर बढ़ोतरी की गई।
हाल के बदलाव के बाद घरेलू रसोई गैस सिलिंडर की कीमत अब एक महीने पहले की तुलना में 125 रुपये ज्यादा है। इससे जुड़े अधिकारियों के मुताबिक सभी ग्राहकों को सभी ग्राहकों को पूरी कीमत चुकानी होगी क्योंकि मौजूदा भाव पर केंद्र सरकार कोई सब्सिडी नहीं दे रही है।
केंद्र सरकार ने प्रत्यक्ष नकदी अंतरण के रूप में ग्राहकों को रसोई गैस पर वित्तीय सहायता देना बंद कर दिया है। सरकार ने रसोई गैस पर सब्सिडी जून 2020 से खत्म करना शुरू किया और यह छोटी बढ़ोतरी से शुरू हुआ। रसोई गैस सब्सिडी खत्म किए जाने के साथ तेल विपणन कंपनियों ने भी कीमतों में कटौती की, जिससे जुलाई से नवंबर 2020 तक सिलिंडर का दाम 594 रुपये बना रहा। इस समय दूर दराज के इलाके के ग्राहकों को सरकार आंशिक समर्थन देती है क्योंकि सरकार अतिरिक माल ढुलाई लागत का वहन कर रही है। दूर के इलाकों (एलपीजी डिपो से दूर) में स्थित ग्राहकों के लिए ढुलाई पर सब्सिडी जारी है। यह ढुलाई सब्सिडी 30 रुपये प्रति सिलिंडर के करीब है।
इसकी वजह से केंद्र सरकार सब्सिडी में उल्लेखनीय बचत कर रही है। पेट्रोलियम (रसोई गैस और केरोसिन) पर सब्सिडी का आवंटन 2020-21 के 40,015 करोड़ रुपये से घटाकर 2021-22 में 12,995 करोड़ रुपये कर दिया गया है। केंद्रीय बजट 2021-22 में केरोसिन पर कोई सब्सिडी नहीं दी गई है। उम्मीद की जा रही है कि पेट्रोलियम सब्सिडी के मद में जो आवंटन किया गया है, उसका इस्तेमाल प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत 1 करोड़ लोगों को मुफ्त रसोई गैस सिलिंडर देने में किया जाएगा। यह मौजूदा 8 करोड़ पीएमयूवाई ग्राहकों में जुड़ जाएंगे, जिन्हें करीब 1,600 रुपये प्रति कनेक् शन ब्याज रहित कर्ज दिया गया था, लेकिन उन्हें बाजार भाव पर सिलिंडर खरीदना था। कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान केंद्र सरकार ने पीएमयूवाई लाभार्थियों को 3 रसोई गैस सिलिंडर पूरी तरह से मुफ्त देने की घोषणा की थी। अब केंद्र सरकार द्वारा स्वच्छ ईंधन के इस्तेमाल को बढ़ावा देने की नीति पर दबाव पड़ेगा, क्योंकि यह गरीबों की पहुंच से बाहर हो रहा है।

First Published - March 1, 2021 | 11:31 PM IST

संबंधित पोस्ट