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तेल 142 डॉलर प्रति बैरल के पास

Last Updated- December 07, 2022 | 9:00 AM IST

ओपेक अध्यक्ष द्वारा कच्चे तेल के उत्पादन को बढ़ाने के लिए ऊर्जा इकाइयों में भावी निवेश की अनिश्चितताओं के मद्देनजर वैश्विक तेल की कीमतें 142 डॉलर प्रति बैरल के निकट पहुंच गई।


न्यू यॉर्क मुख्य तेल वायदा सौदा, अगस्त आपूर्ति वाला लाइट स्वीट कच्चा तेल 1.06 डॉलर बढ़कर 142.03 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। न्यू यार्क मर्केंटाइल एक्सचेंज में मंगलवार को यह 140.97 डॉलर प्रति बैरल पर बंद हुआ था।

ब्रेंट नार्थ सी तेल का अगस्त आपूर्ति वाला सौदा भी 1.12 डॉलर प्रति बैरल बढ़कर 141.79 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। उल्लेखनीय है कि सोमवार को दोनों सौदे दिन के कारोबार में ऐतिहासिक ऊंचाइयों पर पहुंच गए। न्यू यार्क सौदा 143.67 डॉलर प्रति बैरल तथा ब्रेंट नार्थ सी 143.91 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया था। मैड्रिड में आयोजित हो रहे वर्ल्ड पेट्रोलियम कांग्रेस के सम्मेलन में तेल निर्यातक देशों के समूह ओपेक के अध्यक्ष शाकिब खलील ने कहा कि तेल उत्पादकों का संगठन भावी मांग को लेकर चिंतित है।

वर्ल्ड पेट्रोलियम कांग्रेस सम्मेलन के दौरान अल्जीरिया के ऊर्जा मंत्री एवं ओपेक के अध्यक्ष खलील ने बताया – मांग को बनाए रखने के लिए हम चिंतित है। उन्होंने कहा कि 13 ओपेक देशों के समूह द्वारा उत्पादन को बढ़ाने के लिए ऊर्जा ढांचागत क्षेत्र में व्यापक निवेश को लेकर बड़ी अनिश्चितताएं हैं। विश्व तेल उत्पादन में ओपेक देशों के समूह की 40 फीसदी की हिस्सेदारी है।

2008 के शुरू में यह पहली बार 100 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंची थीं और तब से वैश्विक तेल कीमतों में 40 फीसदी से अधिक की बढ़ोतरी हुई है। उत्पादक देशों ने तेल की रेकॉर्ड कीमतों के लिए सीमित मांग एवं तेल उत्पादक देशों ईरान, इराक एवं नाइजीरिया में तनाव को जिम्मेदार ठहराया है।

First Published - July 2, 2008 | 10:51 PM IST

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