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ग्रामीण बाजार में लगातार बढ़ती मांग पर इस्पात कंपनियों की नजर

Last Updated- December 15, 2022 | 2:17 AM IST

ग्रामीण अर्थव्यवस्था के बेहतर प्रदर्शन ने घरेलू इस्पात उत्पादकों को त्योहारी सीजन से पहले अपनी विपणन रणनीति पर नए सिरे से विचार करने के लिए प्रेरित किया है। कुछ कंपनियों ने ग्रामीण बाजार में अपनी पैठ बढ़ाने के लिए अपेक्षाकृत दीर्घावधि योजना बनाई है जबकि अन्य को ग्रामीण मांग में उछाल और उसे कोविड से पहले के स्तर तक पहुंचने के आसार दिख रहे हैं।
केयर रेटिंग्स की रिपोर्ट में कहा गया है कि अप्रैल से जून तिमाही के दौरान कृषि क्षेत्र में सालाना आधार पर 3.4 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि सकल मूल्य वृद्धि (जीवीए) में 18 फीसदी का योगदान करने वाले कृषि क्षेत्र को छोड़ दिया जाए तो अन्य सभी क्षेत्रों में संकुचन दिखा है।
टाटा स्टील के प्रवक्ता ने एक ईमेल के जवाब में कहा, ‘हम ग्रामीण बाजारों में ट्रैक्टर और उसके बाद मोटरबाइक के लिए काफी सकारात्मक मांग देख रहे हैं जो कोविड पूर्व स्तर तक पहले ही पहुंच चुकी है। उम्मीद है कि आगामी सप्ताहों में त्योहार से पहले की अवधि में भी वह मांग बरकरार रहेगी।’ सज्जन जिंदल के नेतृत्व वाली कंपनी जेएसडब्ल्यू स्टील के फ्लैट इस्पात का उत्पादन अगस्त में सालाना आधार पर 15 फीसदी बढ़कर 98 लाख टन हो गया। इससे वाहन क्षेत्र से मांग में तेजी के संकेत मिलते हैं। एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि कंपनी के इस्पात उत्पादन में क्रमिक आधार पर 4 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई। हालांकि लॉन्ग इस्पात का उत्पाद अगस्त में सालाना आधार पर 20 फीसदी घटकर 23.2 लाख टन रह गया।

First Published - September 11, 2020 | 12:15 AM IST

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