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सौर पीएलआई के नए दौर में होंगी 3 योजनाएं

Last Updated- December 11, 2022 | 6:43 PM IST

सौर विनिर्माण के लिए उत्पादन से जुड़े प्रोत्साहन (पीएलआई) कार्यक्रम के नए दौर में विभिन्न उत्पाद श्रेणियों के लिए तीन योजनाएं होंगी। पीएलआई योजना की दूसरी किश्त के लिए आवंटित कुल राशि 19,500 करोड़ रुपये है और इसमें से 12,000 करोड़ का सर्वाधिक हिस्सा पॉलिसिलिकन-वेफर्स-सेल-मॉड्यूल (निर्मित उत्पाद का कच्चा माल) के आदि से अंत तक के विनिर्माण में जाएगा।
वेफर-सेल-मॉड्यूल के लिए सरकार 4,500 करोड़ रुपये आवंटित करेगी और सेल-मॉड्यूल विनिर्माण के लिए 3,500 करोड़ आवंटित किए गए हैं। नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के मसौदा प्रस्ताव में कहा गया है कि इस योजना को तीन अलग-अलग एकल योजनाओं के रूप में देखा जा सकता है। अगर किसी विशेष श्रेणी को अंडरसब्सक्राइब किया जाता है, तो शेष राशि अन्य श्रेणियों में चली जाएगी।
मसौदे में पॉलिसिलिकन-मॉड्यूल श्रेणी के लिए बोली क्षमता के संबंध में 10 गीगावॉट और अन्य दो के संबंध में छह गीगावॉट का सुझाव दिया गया है। बोलीदाता को अपने उत्पादों की विनिर्माण एकीकरण की सीमा, प्रस्तावित विनिर्माण क्षमता, वर्ष-वार स्थानीय मूल्यवर्धन और कार्यकुशलता पेश करनी होगी। यह मसौदा उद्योग को उनकी टिप्पणियां उपलब्ध कराए जाने के लिए भेजा गया था।
उद्योग की अधिकांश प्रमुख कंपनियों ने पॉलिसिलिकन टु मॉड्यूल श्रेणी के बड़े कोष का विरोध किया है, जिसमें कहा गया है कि देश में किसी भी घरेलू कंपनी के पास इसके लिए सुविधा नहीं है।

First Published - May 25, 2022 | 12:45 AM IST

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