facebookmetapixel
रेट कट का असर! बैंकिंग, ऑटो और रियल एस्टेट शेयरों में ताबड़तोड़ खरीदारीTest Post कैश हुआ आउट ऑफ फैशन! अक्टूबर में UPI से हुआ अब तक का सबसे बड़ा लेनदेनChhattisgarh Liquor Scam: पूर्व CM भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य को ED ने किया गिरफ्तारFD में निवेश का प्लान? इन 12 बैंकों में मिल रहा 8.5% तक ब्याज; जानिए जुलाई 2025 के नए TDS नियमबाबा रामदेव की कंपनी ने बाजार में मचाई हलचल, 7 दिन में 17% चढ़ा शेयर; मिल रहे हैं 2 फ्री शेयरIndian Hotels share: Q1 में 19% बढ़ा मुनाफा, शेयर 2% चढ़ा; निवेश को लेकर ब्रोकरेज की क्या है राय?Reliance ने होम अप्लायंसेस कंपनी Kelvinator को खरीदा, सौदे की रकम का खुलासा नहींITR Filing 2025: ऑनलाइन ITR-2 फॉर्म जारी, प्री-फिल्ड डेटा के साथ उपलब्ध; जानें कौन कर सकता है फाइलWipro Share Price: Q1 रिजल्ट से बाजार खुश, लेकिन ब्रोकरेज सतर्क; क्या Wipro में निवेश सही रहेगा?Air India Plane Crash: कैप्टन ने ही बंद की फ्यूल सप्लाई? वॉयस रिकॉर्डिंग से हुआ खुलासा

उत्तर प्रदेश नहीं खरीदेगा विदेशी कोयला

Last Updated- December 11, 2022 | 6:43 PM IST

उत्तर प्रदेश के ताप बिजलीघरों के लिए विदेशी कोयले की खरीद को योगी सरकार ने ना कह दिया है। प्रदेश सरकार के अलावा निजी क्षेत्र के रोजा, बजाज और लैंको जैसे बिजली घर भी विदेशी कोयला नही खरीदेंगे।
उत्तर प्रदेश के बिजली घरों को चलाने के लिए विदेशी कोयला खरीद से करीब 11,000 करोड़ रुपये का बोझ सरकारी खजाने पर पडऩा था और इसके चलते बिजली दरों में भी वृद्धि तय थी। उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने विदेशी कोयले की खरीद के केंद्र सरकार के आदेश के खिलाफ नियामक आयोग में याचिका दाखिल की थी और इसकी निविदा  रोकने की मांग की थी।
केंद्र सरकार के आदेश के बाद बीते माह उत्तर प्रदेश सरकार के ऊर्जा विभाग ने विदेशी कोयली खरीदने के लिए बकायदा निविदा भी निकाल दी थी। हालांकि बाद में इसे रोक दिया गया था। निजी क्षेत्र की बिजली कंपनियों ने भी अलग से विदेशी कोयला खरीद के लिए निविदा निकाली थी। अब प्रदेश सरकार के विदेशी कोयला न खरीदने के फैसले के बाद निजी बिजली कंपनियां भी निविदा रद्द करेंगी।
परिषद अध्यक्ष अवधेष वर्मा ने बताया कि उनकी याचिका पर उत्तर प्रदेश विद्युत नियामक आयोग ने उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उत्पादन निगम सहित उत्तर प्रदेश के सभी निजी घरानों – रिलायंस की रोजा, बजाज की ललितपुर व बजाज लैंको को नोटिस जारी करते हुए अनेकों विधिक सवाल उठाते हुए यह भी जवाब तलब किया गया था की विदेशी कोयले की खरीद से उपभोक्ताओं पर भार पडेगा इसलिए इस पर उत्तर प्रदेश सरकार की अनुमति भी आयोग को सौंपी जाए। इसके बाद उत्तर प्रदेश राज्य उत्पादन निगम के चेयरमैन एम देवराज की तरफ से उत्तर प्रदेश सरकार को यह प्रस्ताव भेजा गया था कि विदेशी कोयले की खरीद पर विद्युत नियामक आयोग द्वारा उठाए गए सवाल के बाद निगम सहित प्रदेश के सभी निजी घरानों द्वारा विदेशी कोयला की खरीद की दशा में अतिरिक्त लगभग 11,000 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। इसकी  वजह से प्रदेश के विद्युत उपभोक्ताओं की बिजली दरों में 85 पैसा प्रति यूनिट से लेकर एक रुपया प्रति यूनिट तक बढोतरी संभावित है।
इस आपत्ति के बाद योगी सरकार ने लिखित में यह आदेश जारी कर दिया कि उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उत्पादन निगम सहित प्रदेश का कोई भी निजी घराना विदेशी कोयले की खरीद नहीं करेगा।

First Published - May 25, 2022 | 12:47 AM IST

संबंधित पोस्ट