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अब बढ़ेगा दर्द-ए-डीजल

Last Updated- December 07, 2022 | 6:45 PM IST

घाटे की मार झेल रही सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों-इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम ने औद्योगिक इस्तेमाल के लिए डीजल की कीमत 57 रुपये/लीटर करने का प्रस्ताव रखा है।


वर्तमान में औद्योगिक इस्तेमाल के लिए डीजल की कीमत 34.80 रुपये प्रति लीटर है। सूत्रों के मुताबिक, सार्वजनिक क्षेत्र की तीनों तेल कंपनियों ने इस संबंध में पेट्रोलियम मंत्रालय को प्रस्ताव सौंप दिया है। इसके तहत कंपनियां रेलवे और बिजली कंपनियों जैसे प्रत्यक्ष उपभोक्ताओं को बाजार मूल्य पर डीजल बेचने की इच्छुक हैं।

सूत्रों का कहना है कि तेल कंपनियों ने सब्सिडी पर ईंधन की बिक्री परिवहन और कृषि क्षेत्रों तक ही सीमित रखने का प्रस्ताव दिया है। औद्योगिक इकाइयों को सब्सिडी पर डीजल की आपूर्ति करने से वे अन्य ईंधन के स्रोत और नाफ्था के मुकाबले डीजल की अधिक खपत कर रही हैं। इसकी वजह से रिफाइनरी कंपनियों को जरूरतें पूरी करने के लिए ईंधन का आयात करना पड़ रहा है, जिससे उनका घाटा काफी बढ़ रहा है।

पिछले हफ्ते तेल कंपनियों के साथ हुई बैठक में पेट्रोलियम मंत्री मुरली देवड़ा को बताया गया था कि अप्रैल-जुलाई के दौरान डीजल की मांग में 18 फीसदी तक की बढ़ोतरी हुई है। इनमें ज्यादातर मांग बिजली संयंत्रों जैसे औद्योगिक उपयोगकर्ताओं की ओर की गई।

सूत्रों ने कहा कि पहली तिमाही में बिजली क्षेत्र में डीजल की मांग 152 फीसदी तक बढ़कर 53,000 टन पर पहुंच गई, जबकि मत्स्य और समुद्री क्षेत्र में डीजल की मांग में करीब 40 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई। उन्होंने कहा कि कीमतों में अंतर घटाने से 2008-09 में सरकार के राजस्व घाटा में 27,202 करोड़ रुपये तक की कमी आएगी।

इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम डीजल की बिक्री पर इस समय 16.22 रुपये प्रति लीटर का नुकसान उठा रही हैं। यही वजह है कि सार्वजनिक क्षेत्र की इन कंपनियों ने सरकार के समक्ष उद्योगों को बाजार मूल्य पर डीजल बेचने का प्रस्ताव रखा है।

औद्योगिक इस्तेमाल के लिए 57 रुपये प्रति लीटर हो सकती है डीजल की कीमत
इस बाबत सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों ने सरकार को सौंपा प्रस्ताव
डीजल पर सब्सिडी परिवहन और कृषि क्षेत्रों तक सीमित रखने का विचार
कंपनियों के मुताबिक, उद्योगों की खपत से बढ़ रही है डीजल की मांग
बाजार मूल्य पर डीजल बेचने पर राजस्व घाटे में आएगी 27,202 करोड़ रुपये की कमी

First Published - August 26, 2008 | 2:56 AM IST

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