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व्हाइट गुड्स के लिए पीएलआई

Last Updated- December 11, 2022 | 5:57 PM IST

अदाणी कॉपर ट्यूब्स, एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स, क्रॉम्पटन ग्रीव्स सहित 1,368 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता वाली 15 कंपनियों को टिकाऊ उपभोक्ता वस्तुओं के लिए सरकार की उत्पादन संबद्ध प्रोत्साहन (पीएलआई) योजना के तहत लाभार्थी के रूप में चुना गया है। उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (डीपीआईआईटी) ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
इन आवेदकों का चयन पीएलआई योजना के दूसरे दौर के तहत व्हाइट गुड्स- एयर कंडीशनर (एसी) और एलईडी लाइट के लिए किया गया था।
एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि छह कंपनियां एसी के कलपुर्जों का निर्माण करेंगी और 908 करोड़ रुपये का निवेश करेगी, जबकि नौ कंपनियों ने 460 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता के साथ एलईडी लाइट के कलपुर्जे बनाने का विकल्प चुना है। इन 15 कंपनियों का पांच वर्षों में कुल 25,583 करोड़ रुपये का उत्पादन होगा। साथ ही इससे 4,000 लोगों के लिए प्रत्यक्ष रोजगार के लिए अतिरिक्त अवसर पैदा होंगे।
उद्योग विभाग को इसके लिए 19 आवेदन प्राप्त हुए थे। इनमें से चार आवेदकों को जांच एवं सिफारिश के लिए विशेषज्ञ समिति को भेजा गया है। विशेषज्ञ समिति के पास भेजे गए आवेदकों में 100 करोड़ रुपये के निवेश प्रतिबद्धता के साथ जेको एयरकॉन, ईएमएम ईएसएस एयरकॉन (52 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता), स्पीडऑफर इंडिया (18 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता) और सिमोको टेलीकम्युनिकेशंस (दक्षिण एशिया) लिमिटेड (10.63 करोड़ रुपये रुपये की निवेश प्रतिबद्धता) शामिल हैं।
डीपीआईआईटी के अतिरिक्त सचिव अनिल अग्रवाल ने मीडिया से बातचीत में कहा कि पीएलआई योजना के इस श्रेणी में घरेलू मूल्यवर्द्धन 75 से 80 फीसदी होने की उम्मीद है जो फिलहाल 15 से 20 फीसदी के दायरे में है। इस योजना के साथ-साथ गुणवत्ता नियंत्रण, मानक एवं लेबल सहित अन्य नियामकीय उपायों ने एसी एवं एलईडी श्रेणी में सरकार के मेक इन इंडिया और आत्मनिर्भर भारत पहल को काफी बढ़ावा मिला है।
इस योजना के लिए अस्थायी रूप से चुने गए आवेदकों में अदाणी कॉपर ट्यूब्स (408 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता), एलजी इलेक्ट्रॉनिक्स इंडिया (300 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता), मित्सुबिशी इलेक्ट्रिक इंडिया (50 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता) और कायन्स टेक्नोलॉजी इंडिया (50 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता) शामिल हैं। इस सूची में जिंदल पॉलिफिल्म्स (360 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता), सहस्र सेमीकंडक्टर्स प्राइवेट लिमिटेड (20 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता),
विप्रो एंटरप्राइजेज (12 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता) और क्रॉम्पटन  ग्रीव्स कंज्यूमर इलेक्ट्रिकल्स (10.15 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धता) भी शामिल हैं।
मार्च में उद्योग विभाग ने ह्वाइट गुड्स के लिए 6,238 करोड़ रुपये की पीएलआई योजना के लिए आवेदन की प्रक्रिया शुरू की थी।

First Published - June 29, 2022 | 1:01 AM IST

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