facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

बजट के बाद FSDC की पहली बैठक में शामिल होंगी वित्त मंत्री, अर्थव्यवस्था की स्थिति पर होगी समीक्षा

Advertisement
Last Updated- May 07, 2023 | 9:57 PM IST
Budget 2024 LIVE UpdatesFinance Minister Nirmala Sitharaman

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण सोमवार को वित्तीय स्थिरता एवं विकास परिषद (Financial Stability and Development Council-FSDC) की बैठक में शामिल होंगी। इस दौरान वह वैश्विक और घरेलू चुनौतियों के बीच अर्थव्यवस्था की स्थिति की समीक्षा करेंगी।

सूत्रों ने बताया कि इस उच्चस्तरीय समिति की 27वीं बैठक में भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास समेत वित्तीय क्षेत्र के सभी नियामक हिस्सा लेंगे। वित्त वर्ष 2023-24 के लिए 45 लाख करोड़ रुपये का बजट पारित होने के बाद FSDC की यह पहली बैठक होगी। इस बजट में 10,00,961 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ पूंजीगत व्यय पर अधिक जोर दिया गया है।

FSDC क्षेत्रीय नियामकों का शीर्ष निकाय है, जिसकी अध्यक्षता केंद्रीय वित्त मंत्री करती हैं। बैठक में मौजूदा वैश्विक और घरेलू आर्थिक हालात और वित्तीय स्थिरता के मुद्दों की समीक्षा की जाएगी। इस दौरान अमेरिका में सिलिकॉन वैली बैंक और सिग्नेचर बैंक की विफलता और क्रेडिट सुइस के सामने नकदी संकट के मद्देनजर बैंकिंग और एनबीएफसी क्षेत्र पर भी विचार किया जाएगा।

Also read: अप्रैल में हुआ रिकॉर्ड GST कलेक्शन मगर आयात पर मिलने वाले टैक्स में आई 5 फीसदी की कमी

उन्होंने कहा कि परिषद समावेशी आर्थिक वृद्धि हासिल करने के लिए इससे पहले किए गए उपायों की समीक्षा भी करेगी। रिजर्व बैंक ने अपनी ताजा द्विमासिक नीतिगत समीक्षा में चालू वित्त वर्ष के लिए आर्थिक वृद्धि दर के अनुमान को 6.4 प्रतिशत से बढ़ाकर 6.5 प्रतिशत कर दिया है।

Advertisement
First Published - May 7, 2023 | 4:15 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement