देश का विदेशी मुद्रा भंडार (Forex Reserves) 29 दिसंबर को समाप्त सप्ताह में 2.759 अरब डॉलर बढ़कर 623.20 अरब डॉलर हो गया। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। इसके साथ ही भारत कॉ फॉरेक्स रिजर्व करीब 22 महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
इससे पिछले सप्ताह यानी 22 दिसंबर को समाप्त सप्ताह में 4.471 अरब डॉलर बढ़कर 620.441 अरब डॉलर हो गया था। पिछले 6 सप्ताह के आंकड़े के हिसाब से रिजर्व में 30.12 अरब डॉलर की बढ़ोतरी आई है।
उल्लेखनीय है कि अक्टूबर 2021 में, देश का विदेशी मुद्रा भंडार 645 अरब डॉलर के सर्वकालिक उच्च स्तर (ऑल टाइम हाई) पर पहुंच गई थी। पिछले साल से वैश्विक गतिविधियों के कारण दबाव के बीच केंद्रीय बैंक ने रुपये की विनिमय दर बनाए रखने के लिए मुद्राभंडार का उपयोग किया। इससे मुद्रा भंडार प्रभावित हुआ।
रिजर्व बैंक के साप्ताहिक आंकड़ों के अनुसार, 29 दिसंबर को समाप्त सप्ताह में विदेशी मुद्रा भंडार का अहम हिस्सा विदेशी मुद्रा आस्तियां (foreign currency assets) 1.869 अरब डॉलर बढ़कर 551.615 अरब डॉलर हो गई।
डॉलर में अभिव्यक्त की जाने वाली विदेशी मुद्रा आस्तियों में यूरो, पाउंड और येन जैसी गैर-अमेरिकी मुद्राओं में घट-बढ़ के प्रभावों को शामिल किया जाता है।
RBI के अनुसार स्वर्ण भंडार (Gold Reserves) का मूल्य 85.3 करोड़ डॉलर बढ़कर 48.328 अरब डॉलर हो गया। हालांकि पिछले सप्ताह यानी 22 दिसंबर को समाप्त हुए सप्ताह के दौरान स्वर्ण भंडार का मूल्य 10.7 करोड़ डॉलर घटकर 47.474 अरब डॉलर रह गया था।
विशेष आहरण अधिकार (Special Drawing Rights- SDRs) 3.8 करोड़ डॉलर बढ़कर 18.365 अरब डॉलर हो गया। 22 दिसंबर को समाप्त सप्ताह में यह 4.898 अरब डॉलर बढ़कर 549.747 अरब डॉलर हो गयीं थीं।
इसी सप्ताह में अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) के पास रखा देश का मुद्रा भंडार 20 लाख डॉलर घटकर 4.892 अरब डॉलर हो गया। 22 दिसंबर के RBI के डेटा में इसमें भी गिरावट देखने को मिली थी। उस समय IMF के पास रखा देश का मुद्रा भंडार 12.9 करोड़ डॉलर घटकर 4.894 अरब डॉलर रह गया था।