विद्यालय के बोर्ड के लिए ठेके पर स्टेशनरी के सामान जैसे प्रश्नपत्र, प्रवेश पत्र, पास सर्टिफिकेट, परिचय पत्र छापने पर वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) नहीं लगेगा। हालांकि उत्तर पुस्तिका छापने पर कोई छूट नहीं होगी। कर्नाटक के अथॉरिटी आफ एडवांस रूलिंग (एएआर) ने यह व्यवस्था दी है।
बेंगलूरु के पीकेएस सेंटल फॉर लर्निंग की ओर से इन वस्तुओं पर जीएसटी दरों को लेकर दायर याचिका की सुनवाई के बाद एएआर ने यह कहा है। यह फर्म कर्नाटक राज्य शिक्षा परीक्षा बोर्ड (केएसईबी) को इन वस्तुओं की आपूर्ति करती है। आवेदक को केएसईईबी की ओर से जारी निविदा में बोली लगानी है। अथॉरिटी ने कहा है कि उपरोक्त उल्लिखित स्टेशनरी के सामान की आपूर्ति शिक्षण संस्था को सेवाओं की आपूर्ति के तहत आता है और इसलिए इस पर जीएसटी नहीं लगेगा। एएआर ने पाया कि सरकार की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक अगर अगर आवश्यक सामग्री की प्रकृति के छपाई वाले उत्पाद छापे जाते हैं तो इसे ऐसी सेवाओं की आपूर्ति के रूप में वर्गीकृत किया गया है, जिस पर जीएसटी से छूट है।
बहरहाल अगर ऐसा नहीं है तो उसे वस्तुओं की आपूर्ति के रूप में माना जाएगा और यह जीएसटी के दायरे में आएगा। एएआर ने पाया कि पीकेएस सेंटर प्रश्न पत्र जैसी वस्तुओं की आपूर्ति बोर्ड को करेगा ऐसे में यह छपाई शैक्षणिक संस्थानों के लिए छपाई के तहत आएगी।