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भारत का बड़ा दांव: रूस से सस्ते कच्चे तेल का लंबी अवधि का सौदा करने की योजना

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पश्चिम एशिया की अनिश्चितताओं के बीच रूस से बड़ा सौदा करने का सही समय

Last Updated- December 16, 2024 | 10:38 PM IST
Crude Oil

सरकार रूस से कच्चा तेल खरीदने के लिए अगले वित्त वर्ष तक सावधि सौदा सुनिश्चित करने के प्रयास तेज कर रही है। पेट्रोलियम मंत्रालय से जुड़े सूत्रों ने यह जानकारी दी। सूत्रों ने कहा कि रूस सरकार की तेल फर्म रोसनेफ्ट ने हाल में रिलायंस इंडस्ट्रीज (आरआईएल) को भारी मात्रा में कच्चा तेल बेचने के लिए समझौता किया है, जिससे पता चलता है कि यह देश के लिए बड़े सौदे करने का सही वक्त है।

सूत्रों ने बताया कि सरकारी रिफाइनरियों का एक संयुक्त संगठन रूस से सावधि समझौते के तहत कच्चे तेल की खरीद पर बात कर रहा है और उनसे बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए कहा जाएगा। आमतौर पर रूस से हाजिर भाव पर कच्चा तेल खरीदा जाता है, जबकि लंबी अवधि के सौदे पश्चिम एशिया के देशों के साथ हैं, जो भारत के आयात का पारंपरिक स्रोत हैं। हाजिर खरीद में रिफाइनरियों को विभिन्न ग्रेड के तेल खरीदने की सुविधा मिलती है, जो लंबे सौदों में उपलब्ध नहीं होती।

एक सूत्र ने कहा, ‘पश्चिम एशिया में बार-बार टकराव के बावजूद पिछले 6 महीने से तेल की कीमतें कम हो रही हैं। वैश्विक रूप से तेल की मांग कम हो रही है। लेकिन भारत एकमात्र बड़ी अर्थव्यवस्था है, जहां मांग स्थिर है और बढ़ रही है। इन वजहों से मोलभाव के लिहाज से भारत के कच्चे तेल के खरीदारों की स्थिति मजबूत हुई है।’

पिछले 6 महीने में ब्रेंट क्रूड की कीमत 9.3 फीसदी कम होकर 73.95 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई है और पिछले 4 महीने में सिर्फ एक बार कीमत 80 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर गई है। एसऐंडपी ग्लोबल कमोडिटी इनसाइट्स की इकाई प्लैट्स के अनुसार इस बीच अक्टूबर तक के 3 महीनों में डेटेड ब्रेंट के मुकाबले रूसी यूराल ग्रेड के कच्चे तेल की कीमत में औसत कमी12.1 डॉलर प्रति बैरल पर स्थिर रही है।

पश्चिम एशिया में तनाव व अन्य अनिश्चितताओं के बावजूद प्लैट्स को 2025 में डेटेड ब्रेंट की औसत कीमत 70 डॉलर प्रति बैरल रहने की उम्मीद है, जो 2024 के 81 डॉलर प्रति बैरल की तुलना में काफी कम होगा। तेल की वैश्विक मांग कम रहने के अलावा ओपेक प्लस ब्लॉक से इतर देशों में उत्पादन बढ़ने से कीमतें कम रहने की संभावना है।

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First Published - December 16, 2024 | 10:38 PM IST

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