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Manufacturing Sector FDI: विनिर्माण क्षेत्र में बीते 10 साल में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश 69 प्रतिशत बढ़ा

वाणिज्य और उद्योग राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने कहा कि 2014-15 में मोबाइल फोन के आयात पर 48,609 करोड़ रुपये खर्च हुए जो 2023-24 में घटकर 7,674 करोड़ रुपये रह गया।

Last Updated- August 09, 2024 | 7:45 PM IST
Foreign investors are again betting in the loan market, expectation of reduction in interest rates ऋण बाजार में फिर दांव लगा रहे विदेशी निवेशक, ब्याज दरों में कमी की उम्मीद

सरकार ने शुक्रवार को संसद को बताया कि 2014-24 के दौरान विनिर्माण क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) प्रवाह 69 प्रतिशत बढ़कर 165.1 अरब डॉलर हो गया। वाणिज्य और उद्योग राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने एक सवाल के लिखित जवाब में राज्यसभा को बताया कि भारत विनिर्माण क्षेत्र में विदेशी निवेश के लिए प्राथमिकता वाले देश के रूप में तेजी से उभर रहा है।

उन्होंने कहा, “पिछले दस वित्त वर्षों (2014-24) में विनिर्माण क्षेत्रों में एफडीआई इक्विटी प्रवाह 69 प्रतिशत बढ़कर 165.1 अरब डॉलर हो गया। इससे पिछले दस वित्त वर्षों (2004-14) में यह 97.7 अरब अमेरिकी डॉलर था।”

प्रसाद ने कहा कि पिछले पांच वित्त वर्षों (2019-20 से 2023-24) के दौरान देश में कुल एफडीआई प्रवाह 383.50 अरब अमेरिकी डॉलर रहा। उन्होंने एक अन्य सवाल के जवाब में कहा कि सरकार के कदमों से मोबाइल फोन समेत कई क्षेत्रों में आयात पर निर्भरता कम हुई है।

प्रसाद ने कहा कि 2014-15 में मोबाइल फोन के आयात पर 48,609 करोड़ रुपये खर्च हुए जो 2023-24 में घटकर 7,674 करोड़ रुपये रह गया। इसी प्रकार निर्यात 2014-15 के 1,566 करोड़ रुपये से बढ़कर 2023-24 में 1,28,982 करोड़ रुपये से अधिक हो गया।

First Published - August 9, 2024 | 7:45 PM IST (बिजनेस स्टैंडर्ड के स्टाफ ने इस रिपोर्ट की हेडलाइन और फोटो ही बदली है, बाकी खबर एक साझा समाचार स्रोत से बिना किसी बदलाव के प्रकाशित हुई है।)

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