कई देशों की अर्थव्यवस्था की विकास दरों में पिछले एक साल से मंदी देखने को मिल रही है। एक तरफ जहां अमेरिका, यूरोप और जापान मंदी की चपेट में हैं, वहीं चीन की सकल घरेलू उत्पाद की विकास दर घट कर 9 प्रतिशत रह गई है और इसके और घटने के आसार हैं। भारत भी […]
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पिछले सप्ताह कारोबार की समाप्ति के बाद निफ्टी 7.6 फीसदी की तेजी के साथ 2,921 अंकों पर बंद हुआ जबकि सेंसेक्स 8 फीसदी के उछाल के साथ 9,690 अंकों पर बंद हुआ। रुपये में नाटकीय मजबूती से डेफ्टी में 10.7 फीसदी का उछाल देखा गया। हालांकि कारोबार की मात्रा कम ही रही लेकिन हाल के […]
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सितंबर 2008 से स्मार्ट पोर्टफोलियो की शुरुआत के बाद बीएसई 200 के बेंचमार्क सूचकांक में लगभग 36.3 फीसदी की गिरावट आई है। हालांकि इंडिया इन्फोलाइन के उपाध्यक्ष अमर अंबानी केपोर्टफोलियो में 0.34 फीसदी की बढ़त देखी गई है। रेक्स केनो के साथ बातचीत में अंबानी ने अपनी मौजूदा निवेश रणनीति के बारे में बातचीत की। […]
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ब्रिक देशों यानी ब्राजील, रूस, भारत और चीन के बारे में सबसे पहले दिसंबर 2007 में हमने बातचीत की थी। और हमने कहा था, ‘पिछले सात साल में रूस के बाजार का जो प्रदर्शन रहा है, उसने ब्रिक देशों में लगातार विकास के मॉडल को नकार दिया है और ऐसा लगता है कि इन देशों […]
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दुनिया भर में मौजूदा आर्थिक माहौल बोझिल ही नहीं, अनिश्चितता से भरा भी है। भारत इस मामले में कुछ बेहतर हालत में हो सकता है, लेकिन उसकी आर्थिक सेहत भी बिगड़ रही है और उसमें सुधार के संकेत नहीं दिख रहे हैं। औद्योगिक उत्पादन में गिरावट, सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में मंदी और कॉर्पोरेट जगत […]
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वित्त वर्ष 2008 बेशक डॉ. रेड्डीज लैबारेट्रीज के लिए सुखद नहीं रहा था, लेकिन चालू वित्त वर्ष में इसके लिए अच्छी संभावनाएं हैं। मौजूदा वित्त वर्ष में नए उत्पादों के बाजार में उतारने और अमेरिका, जर्मनी तथा सोवियत संघ के विघटन के बाद अलग हुए देशों केप्रमुख बजारों में अपने कारोबार केविस्तार से इसके राजस्व […]
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अबान ऑफशोरसिफारिश : 703 रुपयेमौजूदा भाव : 762.50 रुपयेलक्ष्य : 693 रुपयेबढ़त : 9.1 फीसदीब्रोकरेज : इडलवाइज सिक्योरिटीज अबान ऑफशोर को कम अवधि के जो ठेके मिले हैं, उनमें रिग के किरायों की दर कमजोर कारोबार के चलते कुछ कम हो सकती है। कैलेंडर वर्ष 2008 से 2010 के बीच रिग की आपूर्ति मजबूत रह […]
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एक आम सहमति है कि भारतीय अर्थव्यवस्था को जीवनदान देने वाले 3000 करोड़ रुपये का पैकेज का देश के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) पर बहुत सकारात्मक असर नहीं होगा। विश्व बैंक और एशियन डेवलपमेंट बैंक (एडीबी) से लेकर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) जैसे संस्थानों ने जीडीपी के अनुमानों को घटा कर कम कर दिया है। […]
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ज्यादातर विशेषज्ञ एक उचित परिसंपत्ति आवंटन की सलाह देते हैं, जिसमें कुछ पैसा छोटी, मझौली या बड़ी कंपनियों के शेयरों में निवेश किया जाए। इसका मतलब है कि आपके निवेश पोर्टफोलियो में अर्थव्यवस्था के अलग-अलग क्षेत्र या उद्योग इसमें शामिल हों। ब्रिनसन, हूड और बीवोवर ने सबसे पहले 1986 में परिसंपत्ति आवंटन पर एक अध्ययन […]
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अगर आप रकम जुटाना चाह रहे हैं तो इसके लिए आपकी संपत्ति एक बेहतर विकल्प हो सकती है। यह पर्सनल लोन से सस्ता होता है क्योंकि अधिकांश बैंक संपत्ति के एवज में आसानी से ऋण दे देते हैं।उदाहरण के लिए अगर कोई बैंक आपको 18 से 20 फीसदी ब्याज पर पर्सनल लोन दे रहा है […]
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