म्युचुअल फंड

Groww MF का नया ETF लॉन्च: ₹500 से टॉप-10 प्राइवेट बैंकों में निवेश का मौका

NFO Alert: इस स्कीम का न्यू फंड ऑफर सब्सक्रिप्शन के लिए 6 मई से खुल गया है और यह 20 मई को बंद होगा

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अंशु   
Last Updated- May 06, 2026 | 5:50 PM IST

NFO Alert: ग्रो म्युचुअल फंड ने बुधवार को ग्रो निफ्टी प्राइवेट बैंक ईटीएफ (Groww Nifty Private Bank ETF) लॉन्च किया। यह एक ओपन-एंडेड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड है और इसका मकसद निफ्टी प्राइवेट बैंक इंडेक्स के प्रदर्शन को ट्रैक करना है। इस स्कीम का न्यू फंड ऑफर (NFO) सब्सक्रिप्शन के लिए 6 मई से खुल गया है और यह 20 मई को बंद होगा। यह स्कीम निवेशकों को पैसिव, इंडेक्स-आधारित तरीके से भारत के प्राइवेट बैंकिंग सेक्टर में निवेश का एक्सपोजर देने के लिए डिजाइन की गई है।

Groww Nifty Private Bank ETF की डिटेल

फंड का नाम – ग्रो निफ्टी प्राइवेट बैंक ईटीएफ

फंड टाइप – ओपन-एंडेड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड

NFO ओपन डेट – 6 मई, 2026

NFO क्लोजिंग डेट – 20 मई, 2026

मिनिमम निवेश – ₹500 और उसके बाद ₹1 के मल्टीपल में

एग्जिट लोड – कुछ नहीं

बेंचमार्क – Nifty Private Bank Index – TRI

रिस्क लेवल – बहुत ज्यादा जोखिम (very high risk)

फंड मैनेजर – निखिल साटम, आकाश चौहान और शशि कुमार

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क्या होगी इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजी?

स्कीम इनफार्मेशन डॉक्यूमेंट (SID) के अनुसार, निवेश का मकसद हासिल करने के लिए यह स्कीम पैसिव इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजी पर चलेगी। इस स्कीम की निवेश रणनीति इंडेक्स में शामिल सिक्योरिटीज के समान वेटेज के साथ एक पोर्टफोलियो बनाने की होगी। ट्रैकिंग एरर को कम से कम रखने के लिए पोर्टफोलियो को नियमित रूप से रीबैलेंस किया जाएगा, जिसमें इंडेक्स में शेयरों के वेट में बदलाव और स्कीम में आने-जाने वाले निवेश (इन्फ्लो/रिडेम्पशन) को ध्यान में रखा जाएगा। लिक्विडिटी जरूरतों को पूरा करने के लिए फंड का कुछ हिस्सा डेट और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में भी निवेश किया जा सकता है।

प्राइवेट बैंकों पर दांव क्यों?

फंड हाउस द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, प्राइवेट सेक्टर बैंकों ने भारत के बैंकिंग सिस्टम में कुल डिपॉजिट में अपनी हिस्सेदारी करीब एक दशक पहले के लगभग 21% से बढ़ाकर अब करीब 38% कर ली है, जो वित्तीय सिस्टम में उनकी मजबूत मौजूदगी को दर्शाता है। पिछले पांच वर्षों में, डिपॉजिट लगभग 76% और लोन (एडवांसेज) करीब 85% बढ़े हैं, जो बिजनेस गतिविधियों और ग्राहक आधार के विस्तार को दिखाता है।

निफ्टी प्राइवेट बैंक इंडेक्स में 10 प्राइवेट सेक्टर के बैंक शामिल होते हैं, जिन्हें लिक्विडिटी और मार्केट कैपिटलाइजेशन जैसे मानकों के आधार पर चुना जाता है। यह इंडेक्स फ्री-फ्लोट मार्केट कैपिटलाइजेशन वेटेज पद्धति का पालन करता है।

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किसे निवेश करना चाहिए?

ग्रो निफ्टी प्राइवेट बैंक ईटीएफ उन निवेशकों के लिए एक बेहतर विकल्प हो सकता है जो देश के टॉप-10 प्राइवेट बैंकों में निवेश कर लॉन्ग टर्म में कैपिटल ग्रोथ हासिल करना चाहते है। रिस्कोमीटर पर इस स्कीम को बहुत ज्यादा जोखिम की कैटेगरी में रखा गया है। निखिल साटम, आकाश चौहान और शशि कुमार इस स्कीम के फंड मैनेजर हैं।


(डिस्क्लेमर: यहां NFO की डीटेल दी गई है। ये निवेश की सलाह नहीं है। म्युचुअल फंड में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश संबंधी फैसला करने से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)

First Published : May 6, 2026 | 5:50 PM IST