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निफ्टी पीएसबी इंडेक्स चढ़ेगा

Last Updated- December 11, 2022 | 4:17 PM IST

गुरुवार को भले ही निफ्टी-50 सूचकांक में 0.47 प्रतिशत की गिरावट आई, लेकिन एनएसई पर निफ्टी पीएसयू बैंक सूचकांक 2.7 प्रतिशत की तेजी दर्ज करने में कामयाब रहा। पिछले तीन महीनों के दौरान बाजार धारणा में सुधार और आ​​र्थिक परिदृश्य में बदलाव के साथ सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (पीएसबी) के शेयरों में अच्छी तेजी दर्ज की गई है। 
एसीई इ​क्विटी के आंकड़े से पता चलता है कि निफ्टी पीएसयू बैंक सूचकांक इस अव​धि के दौरान 21.5 प्रतिशत चढ़ा, जबकि 50 शेयर वाले सूचकांक निफ्टी में 9 प्रतिशत की तेजी आई। 

कुछ खास शेयरों की बात की जाए तो पता चलता है कि बैंक ऑफ बड़ौदा, केनरा बैंक, भारतीय स्टेट बैंक और यूनियन बैंक ऑफ इंडिया ने इस अव​धि के दौरान 21 प्रतिशत से लेकर 34 प्रतिशत के बीच तेजी दर्ज की है। विश्लेषकों को भविष्य में इस क्षेत्र का प्रदर्शन मजबूत बने रहने की संभावना है, क्योंकि बुनियादी आधार से संबं​धित चिंताएं इस क्षेत्र में कम होती नजर आ रही हैं। 
उदाहरण के लिए, इ​क्विनोमिक्स रिसर्च के संस्थापक एवं मुख्य निवेश अ​धिकारी जी चोकालिंगम को वित्तीय रूप से मजबूत पीएसबी के शेयरों में सस्ते मूल्यांकन और बेहतर विकास परिदृश्य की वजह से अन्य 10-15 प्रतिशत तेजी के आसार नजर आ रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘ज्यादातर पीएसबी कम पीबी वैल्यू पर कारोबार कर रहे हैं। ‘

पिछले सप्ताह, आरबीआई की रिपोर्ट में दोहराया गया कि पीएसबी को निजीकरण के दायरे में लाने के सरकार के दृ​ष्टिकोण का बेहतर परिणाम सामने आएगा।

इसके अलावा, ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, सरकार आईडीबीआई बैंक की कम से कम 51 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने पर विचार कर रही है। रिपोर्ट में कहा गया है कि मंत्रियों का समूह इस सौदे की रूपरेखा पर अंतिम निर्णय लेगा और सरकार तथा लाइफ इंश्योरेंस कॉरपोरेशन (एलआईसी) सितंबर के अंत तक खरीदार दिलचस्पी का आकलन करेंगी। मोतीलाल ओसवाल फाइनैं​शियल सर्विसेज में रिटेल रिसर्च के प्रमुख सिद्धार्थ खेमका का भी मानना है कि इस क्षेत्र में ताजा तेजी निजीकरण पर सरकार के नजरिये के साथ साथ आकर्षक मूल्यांकन की वजह से आई है।
 

उन्होंने कहा, ‘ऐसा लगता है कि पीएसबी में तेजी बरकरार रहेगी, क्योंकि इस क्षेत्र में अच्छी खरीदारी हो रही है। क्षेत्र में कोष का निवेश पा​क्षिक आधार पर हो रहा है और पीएसबी एक ऐसा क्षेत्र है जिसमें आ​र्थिक उतार-चढ़ाव की वजह से अच्छी दिलचस्पी बनी हुइ है।’
अगस्त 2022 के पहले पखवाड़े में, बैंक ऋण वृद्धि सालाना आधार पर 14.5 प्रतिशत पर रही, जो पूर्ववर्ती पखवाड़े में दर्ज सालाना 14 प्रतिशत की तेजी के मुकाबले मामूली सुधार है। निर्मल बांग इंस्टीट्यूशनल इ​क्विटीज के अनुसार, बडी फर्मों ने पिछले 6-7 महीनों में अपनी ऋण जरूरतों के लिए उधारी के अन्य विकल्पों के बजाय बैंकों पर ध्यान दिया है। 

First Published - August 25, 2022 | 9:44 PM IST

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