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RazorpayX: अब WhatsApp से ही डाउनलोड कर सकेंगे सैलरी स्लिप और भर सकेंगे रीम्बर्समेंट

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शुरू में यह प्लेटफॉर्म कुछ स्टार्टअप को ही यह सुविधा दे रहा था। लेकिन अब नई अपडेट के साथ, अब यह बड़े बिजनेस को अपनी सुविधाएं देने के लिए तैयार है।

Last Updated- September 21, 2023 | 3:35 PM IST
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Razorpay के बैंकिंग प्लेटफ़ॉर्म RazorpayX ने घोषणा की है कि उनके पेरोल प्लेटफॉर्म ने एक खास फैसिलिटी शुरू की है। अब कर्मचारी व्हाट्सएप का उपयोग करके अपनी पेस्लिप (payslips) डाउनलोड कर सकेंगे और रीम्बर्समेंट भर सकेंगे। RazorpayX जल्द ही बड़ी कंपनियों को सर्विस देने की भी योजना बना रहा है।

शुरू में यह प्लेटफॉर्म कुछ स्टार्टअप को ही यह सुविधा दे रहा था। लेकिन अब नई अपडेट के साथ, अब यह बड़े बिजनेस को अपनी सुविधाएं देने के लिए तैयार है। इस तरह से कंपनियों की पेरोल मैनेजमेंट कॉस्ट करीब 60 प्रतिशत तक कम होगी और साथ ही गलती की कोई गुंजाइश भी नहीं रहेगी।

रेजरपेएक्स द्वारा “पेरोल मैच्योरिटी इंडेक्स 2023″ नामक एक नए अध्ययन में अगस्त 2023 में विभिन्न उद्योगों की 163 बड़ी कंपनियों के पेरोल डेटा को देखा गया। अध्ययन में पाया गया कि जब कर्मचारियों को भुगतान करने और उनके पेरोल प्रबंधन में रिकॉर्ड रखने की बात आती है तो इन बड़ी भारतीय कंपनियों में से 42% को नियमों का पालन करने में समस्या होती है।

इसके अलावा, उनमें से 44% को समय पर वेतन का भुगतान करने में समस्या थी, और 40% को पेरोल की केलकुलेशन और प्रोसेस में गलतियों का सामना करना पड़ा। भले ही पेरोल सॉफ़्टवेयर अधिक लोकप्रिय हो रहा है, बहुत सी कंपनियां अभी भी पुराने ज़माने के तरीकों का उपयोग कर रही हैं और मैन्युअल प्रोसेस पर निर्भर हैं।

भारत में HR पेरोल सॉफ्टवेयर बाजार 2030 तक 14.31 बिलियन डॉलर तक बढ़ने की उम्मीद है। छोटे व्यवसाय और स्टार्टअप नियमों की समस्याओं से बचने के लिए ऑटोमैटिक HR पेरोल सॉफ्टवेयर का उपयोग करते हैं, लेकिन बड़ी कंपनियों को अभी भी इससे परेशानी हो रही है।

RazorpayX के वाइस प्रेसिडेंट और जनरल मैनेजर आयुष बंसल ने कहा,”हमने स्टार्टअप और छोटे और मध्यम साइज के व्यवसायों को उनके पेरोल के साथ मदद करने में बहुत अच्छा काम किया है। अब, हम बड़ी कंपनियों को अपनी सेवाएं प्रदान करके एक बड़ा कदम उठा रहे हैं। यह भारतीय व्यवसायों के पेरोल को संभालने के तरीके को बदलने के लिए हमारी कमिटमेंट को दर्शाता है। अपनी नई तकनीक के साथ, हमें यकीन है कि हम बड़ी कंपनियों के लिए कुशल और ऑटोमैटिक सॉल्यूशन बना सकते हैं, जिससे भविष्य में HR रिसोर्स ऑपरेशन आसान हो जाएगा।”

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First Published - September 21, 2023 | 3:35 PM IST

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