जरा सोचिए, अगर हजारों मील दूर अमेरिका के मैनहट्टन में रह रहे विजय राव को आंध्रप्रदेश के भाषायी अखबारों में वारंगल की अपनी पैतृक जमीन बेचने का विज्ञापन छपवाना हो तो वह क्या करेंगे?
या फिर लंदन में रह रहे असम के प्रवासी भारतीय बिपिन बरुआ को अपने गृहराज्य के क्षेत्रीय अखबारों में शादी के लिए विज्ञापन देना हो तो यह कैसे संभव हो पाएगा? भले ही यह काल्पनिक लगता हो, पर आज के युग में ऐसी फरमाइशें मिलना स्वभाविक है। और तो और आपने अपने आस पास भी ऐसे वाकये देखे होंगे।
पर अब इन फरमाइशों का समाधान चुटकियों में निकाला जा सकता है। एक वेब पोर्टल भौगोलिक दूरियों को पाटने के लिए लंबे समय से ऐसी सेवाएं प्रदान कर रहा है। अब इस वेब पोर्टल के जरिए दुनिया के किसी भी कोने से भारत के राष्ट्रीय और क्षेत्रीय दैनिक अखबारों में बड़ी आसानी से विज्ञापन दिया जा सकता है। यह सुविधा प्रदान करने वाली वेबसाइट है- एडवर्टाइजमेंटइंडियाडॉटकॉम।
यह सेवा प्रदान करने के लिए वेब पोर्टल ने भारत के लगभग तमाम प्रमुख राष्ट्रीय और भाषायी अखबारों के साथ गठजोड़ कर रखा है। इस वेब पोर्टल को आज से दो साल पहले शुरू किया गया था और इसे तैयार करने का श्रेय जाता है लखनऊ के उद्यमी रूपेश अग्रवाल को। देश में इस तरह की सेवा उपलब्ध कराने वाला अपनी तरह का यह एकमात्र पोर्टल है जिस पर आपको कई अखबारों के विकल्प मिलेंगे। आपको इनमें से किन अखबारों में अपना विज्ञापन देना है, यह आपकी मर्जी पर निर्भर है।
इस पोर्टल की खूबियों का जिक्र करते हुए अग्रवाल कहते हैं, ‘हमारे पोर्टल से मैट्रीमोनियल, डिसप्ले, निविदा, वित्तीय प्रस्ताव किसी भी तरीके के विज्ञापन बुक कराए जा सकते हैं।’ साथ ही उन्होंने बताया कि इंटरनेट पर भुगतान के लिए क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड और नेट बैंकिंग के साथ साथ ऑफ लाइन पेमेंट सुविधाओं का भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
जब आप लखनऊ की इस कंपनी को विज्ञापन के लिए भुगतान कर देते हैं तो उसके पांच दिन के अंदर यह विज्ञापन अखबार में प्रकाशित कर दिया जाता है। अगर किसी ने खुद को पोर्टल पर पंजीकृत करा लिया है तो वह वेबसाइट पर भी अपना विज्ञापन दे सकता है।