एक वक्त था जब बॉलीवुड के सितारे या गायकों का शो दुबई तक ही सीमित होकर रह जाता था लेकिन अब बॉलीवुड के सितारे विदेशी जमीन पर भी धूम मचा रहे हैं।
विदेशों में बॉलीवुड फिल्मों का जादू तो सिर चढ़कर बोलता ही है अब बॉलीवुड शो का जलवा भी विदेशी जमीन पर दिखने लगा है। दरअसल वैश्वीकरण के इस दौर में एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री भी अपने शो के जरिए अच्छी खासी रकम कमाने की कोशिश कर रही है।
हाल ही में अमिताभ बच्चन का विदेशी दौरा ‘अनफार्गेटेबल’ खासी चर्चा में रहा। इसका आयोजन किया विजक्राफ्ट इंटरनेशनल ने। विजक्राफ्ट कई बड़े ब्रांड और कई विदेशी ब्रांड की मार्के टिंग करती है और कई इवेंट भी आयोजित कराती है। बॉलीवुड शो कराने के लिए कई खिलाड़ी बाजार में मौजूद हैं मसलन मुरानी ब्रदर्स, विजक्राफ्ट और सुनील शेट्टी की कंपनी पॉपकॉर्न एंटरटेनमेंट।
फिल्म उद्योग से जुड़े लोगों का कहना है कि भारतीय फिल्म इंडस्ट्री में बड़े बजट की फिल्मों के फ्लॉप होने के दौर से उबरने के लिए बॉलीवुड शो का चलन एक अच्छा विकल्प साबित हो सकता है। विजक्राफ्ट के डायरेक्टर सब्बास जोसेफ का कहना है, ‘यह विचार पूरी तरह से अमित जी का था। वे अपने फैन के लिए भारतीय सिनेमा के कुछ यादगार क्षण को पेश करना चाहते थे।’
पहले चरण में 9 शो था, ये पूरे शो पूरी तरह से हाउस फुल था। हर देश में अलग मार्केटिंग पॉलिसी थी और अलग देशों की मीडिया और वहां के प्रायोजकों ने इसे काफी प्रमोट किया। वैसे अलग-अलग जगहों पर वहां की मीडिया ने प्रमोट किया। मसलन यूके में सनराइज रेडियो, सनराइज टीवी, बीबीसी एशिया और बीबीसी ने प्रमोट किया।
जोसेफ का कहना है कि प्रोमोटर्स हमारे शो को खरीदते हैं विदेशों में जो शो होता है उसके लिए हम पूरा इंतजाम करते हैं यानी की स्टार के रिहर्सल, उनके वीसा, होटल में ठहरने से लेकर पूरी टीम की सारी चीजें हम ही तय करते हैं, मसलन साउंड, लाईटिंग, मार्केटिंग कॉस्टयूम से लेकर रिहर्सल तक की सारी चीजें हमें ही तय करना होता है। जोसेफ के मुताबिक हर शो की लागत है लगभग1 मिलियन डॉलर।
अगर शो के टिकट की बात करें तो यह हर देश में अलग था। शो टिकट कम से कम 100 डॉलर और अधिकतम 3000 डॉलर तक था। जोसेफ का कहना है कि अब अगले साल उनका बॉलीवुड शो यूरोप, मध्यपूर्व और दक्षिण अफ्रीका के देशों में भी हो सकता है।
पॉपकॉर्न एंटरटेनमेंट ने वर्ष 2000 से अपना सफर शुरू किया। 2003 में हमने सलमान खान ड्रीम गर्ल, के साथ पापकॉर्न ने शो आयोजित किया था। पापकॉर्न के वाइस प्रेसीडेंट जॉर्डी पटेल का कहना कि हम शो बेचते नहीं हैं बल्कि किसी इंटरनेशनल प्रोमोटर ग्रुप के लिए पैकेजिंग, स्क्रिप्ट बनाने, कोऑर्डिनेट करने का काम करते हैं। यही इंटरनेशनल प्रोमोटर शो को बेचते हैं। हमें हमारी पैके जिंग के हिसाब से पैसे मिलते हैं।
हमारी प्रोडक्शन टीम में तो वैसे 10 से 12 लोग होते हैं, उसके अलावा हम जरूरत के मुताबिक डांसर, कोरियोग्राफर को इसमें शामिल करते हैं। एक या दो दशक पहले के शो और अब के शो क्या फर्क है, इस पर पटेल का कहना है कि आज प्रोडक्शन लेवल बढ़ गया है, और सारी चीजें पैके जिंग के लिहाज से होती हैं।’
बॉलीवुड में गुटबाजी तो काफी मशहूर ही है विदेशों के इस शो में तो पूरी तरह गुटबाजी नजर आ रही है। इस बात पर मुरानी बदर्स से जुड़े मजहर नाडियाडवाला का कहना है, ‘बॉलीवुड में विरोधी गुट बनाने की बात आम हैं लेकिन विदेशों में इस तरह के ग्रुप बनाने का कोई खास स्कोप नहीं है क्योंकि आपको हमेशा दूसरे अभिनेताओं का साथ तो लेना ही पड़ता है।
मुझे लगता है जैसे एक परिवार में मतभेद होते हैं वैसे ही यहां भी संभव है लेकिन यह मतभेद अस्थायी होता है और फिर सारे कलाकार बॉलीवुड के एक सदस्य जैसे ही बने रहते हैं।’ जिन अभिनेताओं को अपनी फिल्में पिट जाने या उतनी सफलता की आशा नहीं है उनके लिए विदेशों में शो, मुनाफा कमाने का एक बेहतर विकल्प बनकर उभर रहा है इस पर नाडियाडवाला का कहना है, ‘विदेशों में उन ही अभिनेताओं के शो सफल होते हैं जिनकी फिल्में हिट होती हैं और मशहूर होने की वजह ही उनकी डिमांड बढ़ती है।’
नाडियाडवाला का कहना है कि विदेशों में हमलोग स्पांसरशिप नहीं देखते है बल्कि वहां जो स्थानीय आयोजक होते हैं वह प्रायोजको से संबंधित मामलों को देखते हैं। उनका कहना है कि 2004 में शाहरुख का ‘टेंपटेशन’ शो काफी मशहूर हुआ था जो विदेश में 14 से 15 जगहों पर हुआ था। इससे पहले भी ऋतिक रोशन के साथ हर्ट थ्रोब शो का भी जलवा काफी दिनों तक विदेशों में छाया रहा।
जार्डी पटेल का कहना है, ‘जिन सितारों की फिल्में ओवरसीज में हिट होती हैं उनका ही शो वहां हिट हो पाता है।’ जार्डी यह स्वीकार करते हैं कि शाहरुख की टेंपटेशन और अमिताभ की अनफॉरगेटेबल ने इस तरह के शो का स्टैंडर्ड काफी बढ़ा दिया है तो ऐसे में नए और छोटे आयोजकों को इस बात का खास ख्याल तो रखना ही पड़ेगा।
आजकल दर्शकों को लुभाने के लिए प्रोडक्शन की बेहतर पैकेजिंग होना बेहद जरूरी है। उनका कहना है कि पॉपकॉर्न की योजना अब नए बॉलीवुड सितारे मसलन रणबीर कपूर जैसे हीरों के साथ विदेशों में शो कराने की है। बॉलीवुड के मेगास्टार अमिताभ बच्चन, अभिषेक बच्चन और ऐश्वर्या राय ने लाइव स्टेज शो 40 दिनों का था इसमें 9 जगहों पर कार्यक्रम हुए।
विजक्राफ्ट के मुताबिक इस स्टेज शो में कुल 1,15,500 लोगों ने अपनी मौजूदगी दर्ज कराई और लगभग 70 फिल्मी गानों पर ये फिल्मी सितारे थिरकते हुए नजर आए। इनके इस शो में कुल 130 कलाकारों ने काम किया। इस शो में प्रिटी जिंटा, रितेश देशमुख, माधुरी दीक्षित, अक्षय कुमार और शिल्पा शेट्टी ने भी शिरकत की।
कहा जाता है कि जैसे सुनील गवास्कर ने खिलाड़ियों को खेल के अलावा दूसरी खूबियों से अपनी मार्केटिंग करने की राह दिखाई वैसे ही बॉलीवुड के महानायक कहे जाने वाले अमिताभ बच्चन ने भी एक तरह से बॉलीवुड के सितारों के लिए शो के जरिए एक रास्ता दिखाया।
कल्याण जी, आनंद जी और लता मंगेशकर के साथ सबसे पहले उनका शो हुआ था। गौरतलब है कि उनका एक शो 1991 में लंदन में हुआ जिस पर एक फिल्म भी बनी उसे नाम दिया गया ‘जुम्मा चुम्मा इन लंदन’ और यह फिल्म बकायदा रिलीज भी करवाई गई। पिछले साल हिमेश रेशमिया का भी लंदन में एक यूके शो हुआ। इस शो के जरिए वे विदेशों में भी बेहद मशहूर हुए और उन्हें भारतीय रॉक स्टार का दर्जा भी दिया गया।