राहत पैकेज से स्टील और सीमेंट कंपनियों को मांग बढ़ने की उम्मीद
शुक्रवार को घोषित राहत पैकेज की दूसरी किस्त कुछ जिंसों मसलन स्टील, सीमेंट, जस्ता और फेरो अलॉय की मांग कुछ हद तक बढ़ा सकती है, लेकिन इसमें अभी बहुत कुछ और किया जाना बाकी है ताकि ये सेक्टर पटरी पर लौट सके। टीएमटी सरिया पर काउंटरवेलिंग डयूटी (सीवीडी) की छूट से विदेश से आयातित माल […]
इस साल और नरम पड़ेगा जिंस बाजार : विश्व बैंक
विभिन्न जिंसों की बढ़ती कीमत ने साल 2008 में उपभोक्ताओं और उद्योगों को चाहे जितना जलाया और रुलाया हो, लेकिन आने वाले सालों में वर्तमान कीमत केमुकाबले इसमें बहुत ज्यादा बढ़ोतरी के आसार नहीं हैं। यह आकलन है विश्व बैंक का, जिसने अपनी हालिया रिपोर्ट ‘ग्लोबल इकनॉमिक प्रॉस्पेक्ट-2009’ में इस बात का खुलासा किया है। […]
दूसरे आर्थिक पैकेज पर सीफूड उद्योग की निगाहें
मौजूदा आर्थिक मंदी से परेशान चल रहे देश के सीफूड उद्योग को दूसरे आर्थिक उत्प्रेरक पैकेज से काफी उम्मीदें हैं। उल्लेखनीय है कि पहले आर्थिक पैकेज से इस क्षेत्र को दो फायदे हासिल हुए, लेकिन वैश्विक आर्थिक मंदी की चपेट में ये राहत धुल से गए। पैकिंग क्रेडिट पर ब्याज दर में 2 फीसदी की […]
महान हिंदुस्तान की पहचान ये निशान
हर देश की अपनी अलग पहचान होती है। और पहचान बनती है कुछ खास चीजों से, कुछ खास परंपराओं से, कुछ खास घटनाओं से, कुछ खास शख्सियतों से और कई अलग-अलग तौर तरीकों से। हमारे देश का इतिहास काफी पुराना है। वक्त के कई पहलुओं को देखा है इस देश ने। कुछ खास चीजें इसकी […]
क्यों असरदार नहीं हैं सरकारी योजनाएं
भाजपा के दफ्तर से पिछले दिनों 2.5 करोड़ रुपये चोरी होने की खबर आई थी। इस खबर का कोई खंडन भी नहीं किया गया, इसलिए इसमें सच्चाई तो होगी। लेकिन इस बाबत पुलिस के पास कोई रिपोर्ट नहीं दर्ज करवाई गई। इससे यह अहसास होता है कि इस पैसे का हिसाब पार्टी के पास नहीं […]
कांग्रेस के संकटमोचक हैं पुराने नेता प्रणब
यह उस शाम की बात है जब संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग)की सरकार के मंत्रियों को नए पद की शपथ दिलाई जानी थी। कई साल बाद कांग्रेस सत्ता में आ रही थी। मुखर्जी ने अपनी जिंदगी में पहली बार लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज की थी। वह उस वक्त गृह मंत्रालय से संबंधित समितियों की रिपोर्टों […]
फिर तेजी से दौड़ने लगा है मध्य वर्ग का चहेता स्कूटर
वह भी एक समय था जब ऐसा लगता था कि चेतक कभी भी फैशन में पुराना नहीं पड़ेगा। शायद वह दुनिया में सबसे ज्यादा बिकने वाला स्कूटर था। जब 2005 के आखिरी दिनों में उसका उत्पादन बंद हो गया, तब तक करीब 1 करोड़ चेतक स्कूटर बनाए जा चुके थे। आज की स्थिति यह है […]
आईसीआईसीआई बैंक-संभलकर चलने का वक्त
मंदी की मार से घबराए देश के निजी क्षेत्र के सबसे बड़े बैंक आईसीआईसीआई बैंक ने कहा है कि वह वर्ष 2008-09 में कर्ज देने में संयम बरतेगा। बैंक के इस फैसले से बैंक की लोन बुक में बढ़ोतरी घटकर मात्र 10 फीसदी तक की सीमित रह सकती है। पिछले साल उसकी लोन बुक में […]
‘मंदी के बावजूद निवेश के लिए अभी है सबसे माकूल और बेहतरीन वक्त’
वैश्विक वित्तीय संकट ने पूरे आर्थिक जगत को बुरी तरह झकझोर रखकर रख दिया है। जाहिर है कि पूंजी बाजार में पांव पसार चुकी मंदी की मार भारत पर भी जबरदस्त तरीके से पड़ी है। माना जा रहा है कि इस मंदी के बाद भारतीय पूंजी बाजार को अपनी रंगत में लौटने और पुरानी पटरी […]
बीमा कंपनियां खुदरा कारोबार पर फिदा
कॉर्पोरेट जगत में हुए नुकसान को देखते हुए अब सामान्य बीमा कंपनियां एक बार फिर से खुदरा क्षेत्र की तरफ अपना ध्यान केंद्रित कर रही हैं। नई दरें लागू होने के बाद फायर और इंजीनियरिंग क्षेत्रों में इन कंपनियों को काफी नुकसान उठाना पडा है। सामान्य बीमा कंपनियों के लिए कॉर्पोरेट जगत में कीमतों का […]
