दिल्ली में मंकीपॉक्स का मरीज मिला
दिल्ली में मंकीपॉक्स का पहला मामला सामने आया है। हालांकि दिल्ली में मंकीपॉक्स के मरीज के यात्रा करने का कोई रिकॉर्ड नहीं है। मरीज को मंकीपॉक्स के नोडल अस्पताल लोक नायक जय प्रकाश (एलएनजेपी) में भर्ती कराया गया है। मरीज में बुखार और त्वचा पर घाव जैसे लक्षण दिखने पर भर्ती कराया गया था। अब […]
मरम्मत का अधिकारः दिल्ली के सेलफोन बाजार की उम्मीदें
नई दिल्ली में करोल बाग की गलियों के अंदर अपनी एक अलग दुनिया है जिसे गफ्फार मार्केट कहते हैं। यहां के बारे में कहा जाता है कि कोई ऐसा उपकरण नहीं है जिसकी मरम्मत यहां न की जाती हो। यहां मरम्मत का मतलब दो चीजों से है- खराब इलेक्ट्रिकल पुर्जे को चीनी माल से बदलना […]
10 लाख लोगों पर केवल 14 न्यायाधीश हैं मौजूद
भारत की जेलों में 2016 और 2020 के बीच कैदियों की संख्या बढ़कर 3,71,848 हो गई है। कैदियों की यह संख्या देश की जेलों की 4,14,033 की कुल क्षमता का 90 फीसदी है। इसी बीच जेल में मौजूद विचाराधीन कैदियों की संख्या में 26 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। इनमें से एक-चौथाई लोग एक साल […]
बंडल्ड योजनाओं में सुविधा ज्यादा फायदे कम
भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) ने हाल ही में म्यूचुअल फंडों को बंडल्ड उत्पाद बेचने से रोक दिया है। इसलिए अगर कुछ समय बाद आप लंबी अवधि के सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (एसआईपी) में निवेश करते हैं तो म्युचुअल फंड आपको साथ में मुफ्त जीवन बीमा नहीं देगा। फिर भी वित्तीय जगत में बंडल्ड उत्पादों […]
कानूनी वारिस को दाखिल करना होगा मरने वाले का कर रिटर्न
यदि किसी व्यक्ति की कुल आय छूट की मूल सीमा से अधिक है तो उसे आयकर अधिनियम, 1961 के अंतर्गत आयकर रिटर्न दाखिल करना होगा। उस व्यक्ति की मौत हो जाए तब भी यह काम करना ही होता है और इसकी जिम्मेदारी उसके कानूनी वारिस पर आ जाती है। टैक्समैनेजर डॉट इन के मुख्य कार्य […]
हिंदू मतों की दूरी बनी सत्ता गंवाने की मजबूरी
हम इसकी अच्छाई या बुराई पर बहस करते रह सकते हैं लेकिन इस बात में संदेह नहीं है कि मोदी की भाजपा ने अब तक की सर्वाधिक हिंदूवादी व्यवस्था निर्मित की है। जैसा कि हमने पिछले सप्ताह इसी स्तंभ में लिखा भी था, इस व्यवस्था में अधिकांश अल्पसंख्यकों के लिए जगह नहीं है, खासतौर पर […]
ऊर्जा की भू-राजनीति के सुलगते रिश्ते
रूस के साथ यूक्रेन के ‘रिश्तों’ को कई संदर्भों के नजरिये से देखा जा सकता है। वर्ष 2014 में रूस पहले ही यूक्रेन के एक बड़े हिस्से (क्राइमिया) को अपने साथ मिला चुका है और फिलहाल दूसरे इलाकों (दोनेत्स्क और लुहान्स्क) को अपने साथ जोड़ने के प्रयासों में लगा है। इसके पीछे उसका तर्क सदियों […]
अवसर न गंवाएं
तकरीबन एक वर्ष तक केंद्र सरकार के तीन किसान कानूनों के विरोध प्रदर्शन की अगुआई करने वाले संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने उस 29 सदस्यीय समिति में शामिल होने से इनकार कर दिया है जिसका गठन सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) को और अधिक प्रभावी तथा पारदर्शी बनाने के लिए किया है। मोर्चे के […]
गैर जीवन बीमाकर्ताओं को भी प्रीमियम लक्ष्य
जीवन बीमा कंपनियों को लक्ष्य देने के बाद भारतीय बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण (आईआरडीएआई) ने अब ऐसा ही लक्ष्य गैर जीवन बीमा कंपनियों को दिया है। इस मामले से जुड़े एक व्यक्ति ने कहा कि इसका मकसद बीमा की पहुंच वित्त वर्ष 27 तक बढ़ाकर 2.52 प्रतिशत करना है, जो अभी वित्त वर्ष 21 […]
खुदरा बीमा सुरक्षा में आपूर्ति संबंधी मसले
कोविड महामारी और पिछले 2 साल के दौरान पुनर्बीमा कंपनियों द्वारा दरों में बढ़ोतरी की वजह से आपूर्ति की ओर से व्यवधान आया है। इससे जीवन बीमा कंपनियों के खुदरा सुरक्षा कारोबार की वृद्धि प्रभावित हुई है। इसके बावजूद सुरक्षा खंड में कुल मिलाकर बेहतर वृद्धि दर रही है। खासकर बैंकों व एनबीएफसी द्वारा कर्ज […]
