अदाणी ग्रुप (Adani Group) के मालिक गौतम अदाणी (Gautam Adani) हिंडनबर्ग रिपोर्ट के एक साल बाद 100 अरब डॉलर से ज्यादा की संपत्ति वाले लोगों के एलीट क्लब में एक बार फिर शामिल हो गए हैं।
गौतम अदाणी की टोटल नेटवर्थ बुधवार को 2.7 बिलियन डॉलर बढ़कर 100.7 बिलियन डॉलर हो गई। अदाणी की यह संपत्ति शार्ट सेलर फर्म हिंडनबर्ग रिसर्च की तरफ से ग्रुप पर बाजार में हेरफेर और धोखाधड़ी का आरोप लगाने के बाद से सबसे ज्यादा है।
हिंडनबर्ग रिपोर्ट से ग्रुप को हुआ था नुकसान
बता दें कि साल 2023 की शुरुआत में आई हिंडनबर्ग की रिपोर्ट में अदाणी ग्रुप (Adani Group) पर बाजार में हेराफेरी और धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया था।
हालांकि, इन आरोपों को अदाणी ग्रुप ने पूरी तरह से खारिज किया था लेकिन इसके बावजूद समूह के शेयर बुरी तरह फिसल गए थे जिससे गौतम अदाणी की संपत्ति भी घट गई थी।
गौतम अदाणी अब दुनिया के 12वें सबसे अमीर व्यक्ति
अदाणी ग्रुप की प्रमुख कंपनी अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड (Adani Enterprises) के शेयरों में पिछले हफ्ते जारी तिमाही नतीजों के बाद बुधवार को आठवें दिन तेजी आई। ब्लूमबर्ग बिलियनेयर्स इंडेक्स के अनुसार, गौतम अदाणी अब दुनिया के 12वें सबसे अमीर व्यक्ति हैं और अपने हमवतन मुकेश अंबानी से सिर्फ एक स्थान पीछे हैं।
इस महीने की शुरुआत में जहां रिलायंस इंडस्ट्रीज (Reliance Industries) के चेयरमैन मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) की टोटल नेटवर्थ रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गई, वहीं गौतम अदाणी की संपत्ति अभी भी 2022 के टॉप लेवल से करीब 50 अरब डॉलर नीचे है।
हिंडनबर्ग रिपोर्ट के बाद 80 अरब डॉलर तक घट गई थी नेटवर्थ
हिंडनबर्ग रिपोर्ट (Hindenburg Report) के बाद गौतम अदाणी की टोटल नेटवर्थ में 80 अरब डॉलर से ज्यादा की गिरावट आई थी और यह 37.7 अरब डॉलर के निचले स्तर पर पहुंच गई थी।
अदाणी ग्रुप के हिंडनबर्ग रिपोर्ट के झटकों से निपटने के लिए समूह को निवेशकों और ऋणदाताओं को लुभाने, कर्ज चुकाने और नियामक चिंताओं को दूर करने में कई महीने लग गए। रिपोर्ट की वजह से अदाणी ग्रुप का एक समय बाजार मूल्य 150 बिलियन डॉलर से ज्यादा घट गया था।
राजीव जैन के जीक्यूजी पार्टनर्स एलएलसी ने अदाणी ग्रुप पर लगाया था दांव
ग्रुप के शेयरों में जोरदार गिरावट के बाद राजीव जैन के जीक्यूजी पार्टनर्स एलएलसी ने पिछले साल अदाणी समूह की कंपनियों में लगभग 4 बिलियन डॉलर का निवेश किया था।
वहीं, कतर इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी ने लगभग 500 मिलियन डॉलर का निवेश किया था और टोटलएनर्जीज़ एसई ने अदानी ग्रीन एनर्जी (Adani Green Energy) के साथ एक जॉइंट वेंचर पर 30 करोड़ डॉलर का दांव लगाया था।
इस सप्ताह की शुरुआत में मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया कि अदाणी ग्रीन हिंडनबर्ग रिपोर्ट के बाद अपने पहले विदेशी निर्गम में डॉलर बांड के जरिये लगभग 500 मिलियन डॉलर जुटाने के लिए बातचीत कर रही है।