अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (आईईए) की वर्ल्ड एनर्जी इन्वेस्टमेंट 2026’ रिपोर्ट के अनुसार भारत में ऊर्जा क्षेत्र में निवेश 2026 तक 170 अरब डॉलर तक पहुंचने की उम्मीद है।
पिछले 5 वर्षों में इसमें निवेश औसतन 11 प्रतिशत सालाना बढ़ा है। इस अवधि के दौरान सौर पीवी में निवेश सालाना 25 प्रतिशत और तेल शोधन में 23 प्रतिशत बढ़ा है। रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत के ऊर्जा निवेश में हुई कुल वृद्धि में इन दोनों क्षेत्रों का योगदान एक चौथाई रहा है।
वैश्विक स्तर पर नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं में हर साल लगभग 665 अरब डॉलर का निवेश किया जा रहा है, जिसमें से 365 अरब डॉलर या हर दिन 1 अरब डॉलर अकेले सौर परियोजनाओं में किया जा रहा है। बहरहाल भारत में कोयला आपूर्ति में निवेश इस साल 13 अरब डॉलर तक पहुंचने वाला है, ताकि 2030 तक 1.5 अरब टन उत्पादन का लक्ष्य हासिल किया जा सके।