facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

Byju’s पर लेंडर्स ने लगाया बड़ा आरोप, कंपनी ने ‘रेस्तरां’ में छिपाए 53.3 करोड़ डॉलर

Advertisement

लेंडर्स ने आरोप लगाया है कि Byju's ने कथित तौर पर तीन साल पुराने एक हेज फंड में 53.3 करोड़ डॉलर छिपाए थे।

Last Updated- September 13, 2023 | 3:38 PM IST
Byjus

Byju’s News: भारत की दिग्गज एडुटेक स्टार्टअप कंपनी बायजू (Byju’s) पर लेंडर्स ने आरोप लगाया है कि कंपनी ने कथित तौर पर तीन साल पुराने एक अनजान हेज फंड में 53.3 करोड़ डॉलर छिपाए थे।

मियामी-डेड काउंटी (Miami-Dade County) कोर्ट में फाइल दस्तावेज के अनुसार, कुछ ऋणदाताओं ने एक मुकदमे में आरोप लगाया है कि बायजू ने  विलियम सी. मॉर्टन द्वारा स्थापित निवेश फर्म Camshaft Capital Fund फंड को पिछले साल करोड़ों डॉलर ट्रांसफर किए थे।  इस इनवेस्टमेंट फर्म को विलियम सी मॉर्टन ने 23 साल की उम्र में शुरू किया था और इस प्रकार से उसे निवेश का खास प्रशिक्षण नहीं था।

इसके अलावा अपने पैसों की रिकवरी में लगे लेंडर्स के मुताबिक इस फंड ने एक बार दावा किया था कि इसका मुख्य कारोबार मियामी में IHOP पैनकेक रेस्तरां का है।

रिपोर्ट में कहा गया है कि ऋणदाताओं ने कहा है कि निवेश में औपचारिक प्रशिक्षण की स्पष्ट कमी के बावजूद मॉर्टन के फंड को पैसा मिला। अदालत में जमा कागजात के अनुसार, बायजू जब पैसे भेजे थे, उसके बाद से अब तक लक्जरी कारें – 2023 फेरारी रोमा, एक 2020 लेम्बोर्गिनी हुराकैन ईवीओ, और एक 2014 रोल्स-रॉयस व्रेथ – मॉर्टन के नाम पर रजिस्टर्ड की गई हैं।

यह भी पढ़ें : कंपनियां बेचकर कर्ज चुकाएगी Byju’s

बायजू ने छिपाए लेंडर्स के रुपये

ब्लूमबर्ग की रिर्पोट के मुताबिक अमेरिका की मियामी-डेड काउंटी अदालत में कर्जदाताओं ने दलील दी है कि बायजू ने इस हेज फंड  में 53.3 करोड़ डॉलर की राशि कर्जदाताओं के प्रयासों को नाकाम करने के लिए ही हस्तांतरित की थी।

मियामी-डेड काउंटी अदालत की फाइलिंग में लेंडर्स ने तर्क दिया, “लेनदारों को बाधा पहुंचाने और देरी करने के स्वीकृत उद्देश्य के लिए बायजू ने उधारकर्ता के 533 मिलियन डॉलर के ठिकाने को छिपाने के लिए काफी प्रयास किए हैं।”

बायजू के स्पोक्सपर्सन ने कही ये बात

हालांकि, बायजू के प्रवक्ता ने बुधवार को कहा, “किसी भी दूसरे बड़े कॉरपोरेट संगठन की तरह बायजू की इकाई अल्फा ने भी अरबों डॉलर के निवेश कोष में निवेश किया है। हमारे ऋण समझौते में आवंटित कर्ज राशि के हस्तांतरण या निवेश पर किसी तरह की रोक नहीं है। ऐसे में बायजू को जमानत के तौर पर कोई भी राशि रखने की जरूरत नहीं है।’’

वहीं, कंपनी ने कहा कि इस साल जून में डेलावेयर अदालत के फैसले ने प्रश्नगत राशि के संबंध में जानकारी के लिए ऋणदाताओं के आवेदन को खारिज कर दिया, जो कि टीएलबी (टर्म लोन B) के तहत उधार लेने वाली इकाई बायजू अल्फा द्वारा प्राप्त धन का हिस्सा है।

यह भी पढ़ें : Byju’s के ऐलान ने कर दिया कर्जदाताओं को हैरान, कहा- चुका देंगे 6 महीने के भीतर पूरा लोन

इस सप्ताह की शुरुआत में, एडटेक प्रमुख ने ऋणदाताओं को एक रीपेमेंट प्रस्ताव प्रस्तुत किया, जिसमें कंपनी ने छह महीने से भी कम समय में अपना पूरा $1.2 बिलियन का टर्म लोन चुकाने की पेशकश की। यदि संशोधन प्रस्ताव स्वीकार कर लिया जाता है तो BYJU’S ने संकटग्रस्त लोन का 300 मिलियन डॉलर तीन महीने के भीतर चुकाने और शेष राशि अगले तीन महीनों में चुकाने की पेशकश की है।

CNBC-TV18 की रिपोर्ट के मुताबिक,  सूत्रों ने बताया कि योजना की रूपरेखा में Epic और ग्रेट लर्निंग की $800 मिलियन से $1 बिलियन तक की बिक्री शामिल है। यह बिक्री कर्ज मुक्त होने और कारोबार को पटरी पर लाने की योजना का हिस्सा है।

BYJU’S ने 2021 में EPIC को $500 मिलियन में खरीदा था और उसी वर्ष $600 मिलियन में ग्रेट लर्निंग का अधिग्रहण किया था। यदि प्रस्ताव स्वीकार कर लिया जाता है, तो यह संकटग्रस्त स्टार्टअप के लिए कुछ राहत की खबर लाएगा।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, BYJU’S साल की शुरुआत से ही धन जुटाने के लिए बातचीत कर रहा है। हालांकि, कंपनी विभिन्न घरेलू और अंतर्राष्ट्रीय मोर्चों पर चल रही चुनौतियों के बीच इसको लेकर कामयाब नहीं हो पाई है।

खबरों के मुताबिक,BYJU’S सितंबर के अंत तक अपनी वित्तीय रिपोर्ट दाखिल कर सकता है, हालांकि, कंपनी ने किसी भी समयसीमा को साझा करने से इनकार कर दिया है।

यह भी पढ़ें : Go First के वित्तीय संकट के बारे में पट्टादाताओं को पहले से थी जानकारी

Advertisement
First Published - September 13, 2023 | 2:18 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement