विमानन कंपनियों की वैश्विक संस्था आईएटीए ने ग्रेटर नोएडा के जेवर में निर्माणाधीन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के लिए तीन अक्षरों वाले कूटनाम (कोडनेम) का आवंटन कर दिया है।
हवाई अड्डे की मुख्य परिचालन अधिकारी (सीओओ) किरण जैन ने बयान में कहा कि अंतरराष्ट्रीय हवाई परिवहन संघ (आईएटीए) ने नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के लिए ‘डीएक्सएन’ कूटनाम आवंटित किया है।
दुनियाभर में करीब 300 एयरलाइंस का प्रतिनिधित्व करने वाला आईएटीए किसी हवाई अड्डे की विशिष्ट पहचान को सुनिश्चित करने के लिए तीन अक्षर का कूटनाम जारी करता है। इस कूटनाम से उड़ानों के परिचालन एवं मार्ग निर्धारण में सहूलियत होती है।
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नोएडा हवाई अड्डे के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) क्रिस्टॉफ श्नेलमैन ने कहा कि डीएक्सएन का कूटनाम इस हवाई अड्डे की दिल्ली, पश्चिमी उत्तर प्रदेश एवं नोएडा के साथ नजदीकी को परिलक्षित करता है।
आईएटीए से जुड़ी एयरलाइंस दुनिया के कुल हवाई यातायात के करीब 83 प्रतिशत हिस्से का प्रतिनिधित्व करती हैं। दिल्ली से सटे गौतम बुद्ध नगर जिले में ग्रेटर नोएडा क्षेत्र के जेवर में यह हवाई अड्डा विकसित किया जा रहा है।
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इस अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का परिचालन शुरू होने पर दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे का बोझ कम करने और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लोगों को सहूलियत मिलने की उम्मीद है।