पुणे की भारत फोर्ज ने वित्त वर्ष 26 की चौथी तिमाही के दौरान अपने समेकित शुद्ध लाभ में पिछले साल के मुकाबले 17.5 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की। यह घटकर 232.5 करोड़ रुपये रहा। हालांकि परिचालन से राजस्व 17.5 प्रतिशत बढ़कर 4,528 करोड़ रुपये हो गया। शुद्ध लाभ में इस गिरावट के लिए केंद्र सरकार की चार श्रम संहिताओं को लागू करने के कारण असाधारण रकम के प्रावधान को दिया जा सकता है।
नई संहिता के कारण समूह के लिए वित्त वर्ष 26 के दौरान ग्रेच्युटी और अवकाश की देनदारियां अधिक हो गईं। समूचे वर्ष के दौरान समेकित शुद्ध लाभ 14.7 प्रतिशत बढ़कर लगभग 1,079.6 करोड़ रुपये हो गया, जबकि परिचालन से राजस्व 11 प्रतिशत बढ़कर लगभग 16,811.6 करोड़ रुपये हुआ।
आईटी सेवा क्षेत्र की मझोली श्रेणी की कंपनी हेक्सावेयर का शुद्ध लाभ पहली तिमाही में 7.5 प्रतिशत बढ़कर 351.6 करोड़ रुपये हो गया। दूसरी ओर राजस्व 12.6 प्रतिशत बढ़कर 3,613 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। स्थिर मुद्रा के आधार पर राजस्व 3.2 प्रतिशत बढ़ा। स्थिर मुद्रा में मुद्रा के उतार-चढ़ाव को शामिल नहीं किया जाता। निजी इक्विटी क्षेत्र की दिग्गज कंपनी कार्लाइल के निवेश वाली हेक्सावेयर ने कैलेंडर वर्ष के लिए 7.6 प्रतिशत वृद्धि के अपने अनुमान को बरकरार रखा है। इसे पहले हासिल किए गए बड़े सौदों के तेजी से आगे बढ़ने और हाल में हासिल सौदों से जोरदार प्रदर्शन में मदद मिली है।
मुख्य कार्य अधिकारी आर श्रीकृष्ण ने कहा, ‘एआई की दुनिया में सबसे मजबूत सुरक्षा कवच ग्राहकों के साथ रिश्तों में विश्वास है। हमारे ग्राहक हम पर भरोसा करते हैं कि हम उनके एआई बदलाव का साझेदार बनकर उनके आईटी और कारोबार के हर पहलू में एआई की ताकत लाएंगे।’ हेक्सावेयर का मानना है कि विकास की अगुआई वित्तीय सेवाएं, स्वास्थ्य सेवाएं और बीमा तथा विनिर्माण क्षेत्र करेंगे।
ऑटो-टेक कंपनी ने वित्त वर्ष 26 की चौथी तिमाही में 20 करोड़ रुपये का समायोजित एबिटा लाभ कमाया कार्स24 ने मार्च तिमाही में अपना पहला तिमाही मुनाफा दर्ज किया। सॉफ्टबैंक के निवेश वाले इस ऑटो-टेक प्लेटफॉर्म के लिए यह बड़ी उपलब्धि है। वह आर्टिफिशयल इंटेलिजेंस से चलने वाला कार के मालिकाना हक का व्यापक पारिस्थितिकी तंत्र बनाने पर जोर दे रही है। कंपनी ने वित्त वर्ष 26 की चौथी तिमाही में 20 करोड़ रुपये का समायोजित एबिटा लाभ दर्ज किया है। अपनी शुरुआत के बाद ऐसा पहली बार है जब कंपनी मुनाफे में आई है। इसके मुख्य कारोबारों में बढ़ोतरी की मदद से ऐसा हुआ।
वित्त वर्ष 26 की दूसरे छमाही के दौरान कार्स24 ने 760 करोड़ रुपये का समायोजित शुद्ध राजस्व दर्ज किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 37 प्रतिशत अधिक है। अलबत्ता इस दौरान कंपनी के घाटे में 83 प्रतिशत की कमी आई। कार्स24 का यह मुनाफा बड़े बदलाव का नतीजा है। यह अब लेनदेन आधारित प्लेटफॉर्म से हटकर वाहनों का एआई प्रधान पारिस्थितिकी तंत्र बन गया है। कार्स24 के संस्थापक विक्रम चोपड़ा ने कहा, ‘लाभ हमारे लिए बड़ा क्षण है। लेकिन यह कोई संयोग नहीं है। यह समय के साथ-साथ कंपनी का ग्राहकों के लिए अधिक उपयोगी बनने का परिणाम है।’
टायर विनिर्माता कंपनी एमआरएफ का गत वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही में एकीकृत शुद्ध लाभ 38 प्रतिशत बढ़कर 702.25 करोड़ रुपये हो गया। कंपनी का 2024-25 की चौथी (जनवरी-मार्च) तिमाही में मुनाफा 510.5 करोड़ रुपये था। समीक्षाधीन तिमाही में परिचालन आय 8,044.22 करोड़ रुपये रही जबकि एक वर्ष पहले की समान अवधि में यह 7,074.82 करोड़ रुपये था।