भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) को विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तैयार करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि संबंधित कंपनियां नई प्रौद्योगिकी अपनाने को तैयार नहीं हैं। यह बात केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने मंगलवार को कही। उन्होंने कहा कि सरकार नई प्रौद्योगिकी के इस्तेमाल को प्रोत्साहित कर रही है।
‘क्रिसिल इंडिया इन्फ्रास्ट्रक्चर कॉन्क्लेव 2023’ को संबोधित करते हुए गडकरी ने कहा कि इस्पात और सीमेंट उद्योग की बड़ी कंपनियां कीमतें बढ़ाने के लिए गुटबंदी कर रही हैं। उन्होंने कहा, ‘इस्पात उद्योग और सीमेंट उद्योग को जब भी मौका मिलता है वे गुट बनाते हैं और कीमतें बढ़ा देते हैं।’ उन्होंने कहा, ‘एनएचएआई के लिए परियोजना रिपोर्ट तैयार करना एक बड़ी समस्या है। किसी भी परियोजना में कहीं भी कोई सटीक डीपीआर नहीं है।’
गडकरी ने कहा कि समस्या यह है कि कुछ राजमार्ग परियोजनाओं की कीमतें 30 से 40 फीसदी से कम बताते हैं। उन्होंने कहा, ‘हमें गुणवत्ता और लागत के बीच संतुलन बनाए रखने की जरूरत है।’