गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेन्द्र पटेल ने अपनी जापान यात्रा के दूसरे दिन सोमवार को कुछ प्रमुख जापानी नेताओं से मुलाकात की और उन्हें जनवरी में होने वाले ‘वाइब्रेंट गुजरात’ वैश्विक शिखर सम्मेलन में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया।
अगले साल जनवरी में होने वाले इस व्यापार सम्मेलन के प्रोत्साहन के लिए पटेल के नेतृत्व में एक उच्च-स्तरीय प्रतिनिधिमंडल रविवार सुबह जापान की राजधानी टोक्यो पहुंचा था। प्रतिनिधिमंडल जापान के बाद सिंगापुर के दौरे पर भी जाएगा।
गुजरात सरकार की तरफ से जारी एक आधिकारिक विज्ञप्ति के मुताबिक, पटेल की अगुवाई वाले प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को टोक्यो में जेट्रो (जापान एक्सटर्नल ट्रेड ऑर्गनाइजेशन) के प्रमुख सुसमु कतोका से मुलाकात की और गुजरात में जापानी निवेशकों को आकर्षित करने में इस संगठन की भूमिका पर चर्चा की।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने गुजरात में कारोबार शुरू करने की इच्छुक जापानी कंपनियों का मार्गदर्शन करने के लिए हाल ही में अहमदाबाद में अपना बिजनेस सपोर्ट सेंटर खोलने के लिए जेट्रो की सराहना भी की।
पटेल ने कतोका से कहा कि गुजरात के साथ जेट्रो की साझेदारी राज्य को सेमीकंडक्टर, हरित प्रौद्योगिकी, दवाएं, चिकित्सा उपकरण, सिरेमिक और कपड़ा जैसे क्षेत्रों में नया निवेश आकर्षित करने में मदद कर सकती है।
जेट्रो के अधिकारियों ने भी गुजरात की विकास यात्रा में गहरी रुचि जताते हुए कहा कि वे गुजरात के साथ अपने संबंध मजबूत करना चाहते हैं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कतोका और अन्य लोगों को गांधीनगर में होने वाले वाइब्रेंट शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए औपचारिक निमंत्रण दिया।
इस प्रतिनिधिमंडल ने बाद में बुलेट ट्रेन से योकोहामा शहर तक यात्रा की और टोक्यो के गवर्नर यूरिको कोइके के साथ बैठक की। पटेल ने कोइके को भारत और जापान के बीच संबंधों को मजबूत करने में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की भूमिका से अवगत कराया।
पटेल ने कोइके को वाइब्रेंट गुजरात सम्मेलन के लिए आमंत्रित करते हुए कहा, “इस समय लगभग 350 जापानी कंपनियां गुजरात में काम कर रही हैं।”
उन्होंने कहा कि गुजरात और जापान स्मार्ट शहरों और टिकाऊ शहरी विकास के क्षेत्रों में मिलकर काम कर सकते हैं और आगामी सम्मेलन उस दिशा में समझौतों को अंतिम रूप देने का आदर्श अवसर होगा।