facebookmetapixel
Advertisement
राज्य की प्रतिक्रिया और अभिव्यक्ति की सीमाएं testtestभारत का डिफेंस प्रोडक्शन ऑल-टाइम हाई पर, FY26 में15.6% बढ़कर ₹1.78 लाख करोड़ पर पहुंचाHCL Tech के नतीजों की तारीख तय, 13 जुलाई को आएगा रिपोर्ट कार्ड; डिविडेंड पर भी होगा फैसलारिटर्न कहीं और, निवेश कहीं और! क्या सही फंड चुन रहे हैं निवेशक? एक्सपर्ट से समझेंAI के दम पर नई छलांग की तैयारी में Coforge? शेयर में 50% तक तेजी की उम्मीद, एक्सपर्ट्स बुलिशकच्चा तेल सस्ता हो रहा है, फिर पेट्रोल-डीजल क्यों नहीं?20 लाख रुपये से ज्यादा पैकेज वाली नौकरियों में उछाल, ब्रोकरेज ने बताए 4 पसंदीदा IT स्टॉक्सJio IPO का इंतजार खत्म! ₹4 अरब के मेगा IPO की तैयारी तेज, जल्द दाखिल होंगे ड्राफ्ट पेपरसरकार के आदेश के खिलाफ Telegram का पलटवार, Delhi HC पहुंची याचिकाब्राजील में पेट्रोल से 70% सस्ता, भारत में सिर्फ 20%: क्या फ्लेक्स-फ्यूल बनेगा हिट? बता रहे एक्सपर्ट

मुख्यमंत्री माझी लाडली बहना योजना से बंद नहीं होगी दूसरी योजनाएं, खुदकुशी करने वाले किसानों के परिजन को जारी रहेगी मदद

Advertisement

सरकार द्वारा दी गई जानकारी में कहा गया कि मुख्यमंत्री माझी लाडली बहना योजना से अन्य योजनाएं बंद नहीं होंगी। किसान परिवारों को मिलने वाली सहायता बंद होने की खबर गलत है।

Last Updated- September 05, 2024 | 7:50 PM IST
Chief Minister Majhi Ladli Behna Yojana will not stop other schemes, families of farmers who commit suicide will continue to get relief money मुख्यमंत्री माझी लाडली बहना योजना से बंद नहीं होगी दूसरी योजनाएं, खुदकुशी करने वाले किसानों के परिजन को मिलती रहेगी राहत राशि

किसानों की खुदकुशी को लेकर महाराष्ट्र के राजस्व विभाग द्वारा जारी आदेश को राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में आज वापस ले लिया गया। मंत्रिमंडल की बैठक के बाद राज्य सरकार की तरफ से कहा गया कि आत्महत्या करने वाले किसान परिवारों को मिलने वाली सहायता बंद होने की खबर गलत है। मुख्यमंत्री माझी लाडली बहना योजना से दूसरी योजनाएं बंद नहीं होगी।

राजस्व विभाग की तरफ से मंगलवार (3 सितंबर) को आत्महत्या करने वाले किसानों के परिजन की मदद में इमरजेंसी फंड की मंजूरी रोकने के लिए एक सरकारी आदेश (जीआर) जारी किया था। इस आदेश का सर्कुलर सभी संभागीय आयुक्तों और जिलाधिकारियों को भेजा गया। इस योजना से राज्य के मराठवाड़ा और विदर्भ क्षेत्र के लोगों को मदद मिलती रही है। लेकिन भारी विरोध के कारण राज्य सरकार ने एक दिन में ही अपने आदेश को वापस ले लिया।

आज मंत्रिमंडल की बैठक के बाद सरकार द्वारा दी गई जानकारी में कहा गया कि मुख्यमंत्री माझी लाडली बहना योजना से अन्य योजनाएं बंद नहीं होंगी। किसान परिवारों को मिलने वाली सहायता बंद होने की खबर गलत है। किसानों की आत्महत्या के मामले में उनके परिवारों को मदद कहीं भी नहीं रोकी गई है। इसके लिए पर्याप्त प्रावधान उपलब्ध है।

हालांकि जब कोई प्रावधान नहीं होता है, तो इस असुविधा से बचने के लिए माइनस अथॉरिटी सुविधा का उपयोग किया जाता है। उस आदेश का अर्थ यह है कि इस कम प्रावधान का उपयोग करने की कोई आवश्यकता नहीं है क्योंकि पर्याप्त प्रावधान उपलब्ध है। राहत एवं पुनर्वास विभाग ने आज कैबिनेट बैठक में स्पष्ट किया कि इस संबंध में स्व-व्याख्यात्मक आदेश जारी कर दिया गया है।

सरकार की तरफ से जो जीआर जारी किया गया जिसमें कहा गया था कि जिला स्तर की समितियां आत्महत्या करने वाले पीड़ितों की तुरंत मदद करने में समर्थ नहीं हो सकेंगी। आत्महत्या करने वाले किसानों के परिवारों को इस आदेश के पहले राज्य सरकार की तरफ से एक लाख रुपये की राहत राशि दी जाती थी । इस नए सर्कुलर के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया। विपक्ष ने राज्‍य सरकार पर आरोप लगाया है लाडली बहिना योजना की वजह किसानों के विरोध में यह फैसला लिया गया है ।

विपक्ष का कहना था कि मुख्‍यमंत्री एकनाथ शिंदे की सरकार ने 45 हजार करोड़ रुपये इस योजना के लिए रख लिए हैं । राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी शरद पवार के गुट के नेता जितेंद्र आव्हाड ने एक्‍स पर लिखा कि आत्महत्या करने वाले किसानों के उत्तराधिकारियों के लिए राहत राशि बंद कर दी गई। राजस्व विभाग की तरफ से इस बाबत एक सर्कुलर भी जारी किया गया है। लाडली बहिना योजना में किसानों की आत्महत्या की क्या वजह है? इस योजना के लिए निधि को लाड़ली बहिना योजना में दे दिया गया ।

Advertisement
First Published - September 5, 2024 | 7:38 PM IST

संबंधित पोस्ट

Advertisement
Advertisement
Advertisement